पेयजल घोटाले की ACB जांच शुरू, रांची सदर थाने में केस को किया टेकओवर, SSP ने की थी अनुशंसा

Picture of Live Dainik

Live Dainik

April 19, 2025

पेयजल घोटाले की ACB जांच शुरू, रांची सदर थाने में केस को किया टेकओवर, SSP ने की थी अनुशंसा

रांचीः पेयजल विभाग के खाते से 23 करोड़ रुपए की फर्जी निकासी के मामले में एंटी करप्शन ब्यूरो ने जांच शुरू कर दी है। रांची सदर थाने में पेयजल विभाग द्वारा दर्ज कराए गए केस 562/ 23 को एसीबी ने टेकओवर कर लिया है। जांच की जिम्मेदारी डीएसपी रैंक के एक अधिकारी को सौंपी गई है। सोमवार या मंगलवार को डीजीपी सह एसीबी चीफ अनुराग गुप्ता इस मामले की समीक्षा कर सकते है। समीक्षा के बाद जांच और साक्ष्य संकलन की दिशा में कार्रवाई की जायेगी।

पेयजल विभाग में गड़बड़ीः ट्रेजरी से आवंटन रजिस्टर गायब, साक्ष्य मिटाने का हुआ प्रयास

इस मामले में एसीबी ने वित्त विभाग से रिपोर्ट प्राप्त की है, जिसमें विभागीय इंजीनियरों, कोषागार अधिकारियों और कर्मचारियों की भूमिका संदिग्ध है। बड़े पैमाने पर भ्रष्टाचार और सरकारी धन की हेराफेरी उजागर होने के साथ ही सरकारी कर्मियों की संलिप्तता सामने आयी है। सदर पुलिस ने इस केस में 9 अप्रैल 2024 को पेयजल विभाग के रोकड़पाल संतोष कुमार को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था।

See also  पलामू में कोयला लदे मालगाड़ी में लगी आग, स्टेशन मास्टर की समझदारी से टला बड़ा हादसा

रिम्स निदेशक पद से हटाये जाने के बाद बोले डॉक्टर राजकुमार, मेरे पास भी रिकॉडिंग, जरूरत पड़ी तो दिखाउंगा
इसे ही देखते हुए रांची के डीआईजी सह एसएसपी चंदन कुमार सिन्हा ने एसीबी जांच की अनुशंसा की थी। एसीबी ने जांच के लिए विभाग से कई दस्तावेज भी हासिल कर लिये है। अभी तक की जांच में खुलासा हुआ है कि विभाग द्वारा कंपनी को किये जानेवाले भुगतान की राशि संतोष ने अपने एकाउंट में रख ली थी। विभागीय स्पष्टीकरण के दौरान संतोष ने बताया कि इस धनराशि से कार्यपालक अभियंता सहित वरिष्ठ अधिकारियों को महंगे उपहार दिये गये थे। इसमें जेवरात, लैपटॉप और मैकबुक शामिल थे। वित्त विभाग की जांच में खुलासा हुआ कि एलएंडटी के नाम पांच फर्जी एकाउंट खोले गये थे। साथ ही पैसे के भुगतान के नाम पर मृतक कर्मी के नाम पर पेआइडी खोला गया था। लगभग 59 करोड़ रुपये की वित्तीय अनियमितता के लिए दूसरा फंड कोषागार में शिफ्ट कर दिया गया था। वित्त विभाग की जांच के दौरान इस पूरे प्रकरण में कोषागार की भी भूमिका सामने आयी है। अबतक इस मामले में कोषागार के चार अधिकारी निलंबित हो चुके है।

See also  कैश फॉर क्वेरी मामले में TMC नेता महुआ मोइत्रा के ठिकानों पर CBI की रेड
WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now

Trending Now