झारखंड में अंगदान के लिए बनेगा कानून- मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने विधानसभा में की घोषणा, BJP के वॉकआउट पर भी कसा तंज

झारखंड में अंगदान के लिए बनेगा कानून- मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने विधानसभा में की घोषणा, BJP के वॉकआउट पर भी कसा तंज

रांचीः शुक्रवार को झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के तीसरे दिन मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने केरल के 10 माह की बच्ची आलिन शेरिन के अंगदान का जिक्र करते हुए उनके परिवार के त्याग और जागरूकता की सराहना की। उन्होंने झारखंड में भी अंगदान को लेकर कानून बनाने की बात कहीं। उन्होंने कहा कि मैंने जब ये खबर पढ़ी तो सहम सा गया लेकिन हिम्मत करके मैंने खबर पढ़ी। उनके माता-पिता ने अपने जिगर के टुकड़े को बहुत हिम्मत के साथ देश को समर्पित किया। बच्ची के ब्रेन डेड होने के बाद जो साहस उनके माता-पिता ने दिखाया वो एक प्रेरणा है। उस बच्ची का अंग हिंदू, मुस्लिम, सिख, ईसाई किसके काम आएगा कोई नहीं जानता। सरकार की ओर से अंगदान को लेकर कोई जागरूकता भी नहीं चलाई जाती। हमने अब फैसला लिया है कि झारखंड में अंगदान को लेकर कानून बनाया जाएगा।

Hemant Soren ने दी नन्ही आलिन को भावभीनी श्रद्धांजलि, दस महीने की बच्ची ने किया अंगदान
इससे पहले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सदन में बीजेपी सदस्यों की गैरमौजूदगी पर खूब तंज कसा। जिस समय मुख्यमंत्री बोल रहे थे उस समय सदन में विपक्ष के केवल चार विधायक मौजूद थे। मुख्यमंत्री ने कहा कि गिने चुने लोग विपक्ष में है, भविष्य में यही हाल होग। राज्यपाल के अभिभाषण पर कोई संशोधन पस्ताव पहली बार नहीं आया। इसका मतलब है कि विपक्ष सरकार के काम से संतुष्ट है। राज्यपाल ने जिन बातों को सदन के समक्ष रखा, वो सभी कुछ जनता के सामने है। ये धरातल पर है, राज्य की जनता को दिखता है।सरकार के कामों से ये घबराये हुए है, सरकारी के दूरगामी योजनाओं से ये घबरा गए है। जब हमारे वैश्विक मंच का परिणाम दिखने लगेगा तो इनकी घबराहट हार्ट अटैक में नहीं बदल जाए ये मेरी चिंता है।

धनबाद में बच्चा चोरी के अफवाह में हिंसक हुई भीड़, युवक की बेरहमी से पिटाई
अब हम जो करते हैं वो दूसरे राज्य करते हैं: सीएम
मुख्यमंत्री ने कहा- पहले हम दूसरे राज्यों के कार्यों को अपनाते थे। वो दिन अब बदलाव की ओर है। अब हम जो करते हैं वो दूसरे राज्य करते हैं। उन्होंने विपक्ष को कहा- एक कहावत है, पेड़ बबूल का लगाएंगे तो आम कहां से फलेगा। पेड़ तो आप लोगों ने ही लगाया था। इतना बबूल का पेड़ लगा दिया कि आज हम लोगों ने उसे हटाकर आम लगाया। इससे सभी को लाभ मिल रहा है। डबल इंजन की सरकार को राज्य ने देखा। कई राज्य देख रहे हैं। बहुत जल्द ये धाराशायी होगी।विगत 25 सालों में हमने जो गाढ़ी लकीर खींची है, उस लकीर को मिटाना भी ना आप लोगों की बस की बात है और ना ही उस पर काम करने की आपलोगों की मंशा भी होगी। समाजिक सुरक्षा, अच्छी शिक्षा, बेहरत स्वास्थ्य।

मेदिनीनगर के मैदान में सिंगर मेघा श्रीराम, पलामू के लिए छोड़ दिया है मुंबई, मेयर पद की हैं प्रत्याशी
हमारी सरकार गांव से चलने वाली है
मुख्यमंत्री ने कहा- देश, राज्य का विकास धरातल पर होता है। हमारी सरकार गांव से चलने वाली है। ये लोग तो उल्टी गंगा बहाते हैं। पूरा देश आज कर्ज से लद गया है। धान क्रय का भविष्य विपक्ष बताएं। जब बाहर से धान आएगा तो यहां के किसानों का क्या होगा। इस पर ये बात नहीं करते हैं। इनके विरोध में कोई आवाज उठाता है तो वो देशद्रोही कहलाते हैं।

WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now