बिहार के कैमूर जिले में शुक्रवार रात को हिंसा भड़क गई। बताया जाता है कि रामगढ़ से बसपा उम्मीदवार के समर्थकों ने शुक्रवार रात जिले के बाजार समिति मोहनिया परिसर में मतगणना केंद्र के बाहर तैनात केंद्रीय सुरक्षा बलों के जवानों पर पथराव कर दिया। इस पत्थरबाजी में 3 जवान घायल हो गए। भीड़ ने सरकारी वाहन को भी आग के हवाले कर दिया। इतना ही नहीं उपद्रवियों ने मतगणना केंद्र में घुसने की कोशिश की।
पुलिस ने बताया कि बसपा उम्मीदवार सतीश कुमार सिंह यादव के समर्थक चुनाव के रिजल्ट की घोषणा में हो रही देरी से नाराज हो गए। उन्होंने चुनाव आयोग के अधिकारियों पर BJP उम्मीदवार अशोक कुमार सिंह के पक्ष में नतीजों में हेरफेर करने की कोशिश करने का आरोप लगाया।
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पुलिस अधीक्षक हरि मोहन शुक्ला ने बताया कि रामगढ़ विधानसभा क्षेत्र के नतीजों की घोषणा में देरी के कारण यह हिंसा भड़की। इस सीट पर बसपा उम्मीदवार मामूली अंतर से आगे चल रहे थे लेकिन फाइनल रिजल्ट में देरी हो रही थी। इस पर बसपा उम्मीदवार सतीश कुमार सिंह यादव के समर्थकों का गुस्सा फूट पड़ा। समर्थक हंगामा करने लगे।
यही नहीं भीड़ ने मतगणना केंद्र में घुसने की कोशिश की। माहौल बिगड़ता देख सुरक्षा बल के जवानों ने बल प्रयोग किया। इस पर समर्थकों की भीड़ हिंसा पर उतारू हो गई। भीड़ ने पथराव कर दिया। सुरक्षाकर्मियों ने आंसू गैस के गोले छोड़े। उपद्रवियों पर लाठीचार्ज भी किया गया।इस पत्थरबाजी में अर्धसैनिक बल के 3 जवान घायल हो गए।
हमले में घायल जवानों के सिर में चोटें आईं। यही नहीं भीड़ ने एक सरकारी वाहन को भी आग के हवाले कर दिया। यह सरकारी वाहन स्कॉर्पियो बताया जाता है। बताया जाता है कि बाद में जब चुनाव आयोग की ओर से नतीजों की घोषणा की गई तो उसमें बसपा उम्मीदवार सतीश कुमार सिंह यादव ने 30 मतों के अंतर से जीत दर्ज की।
बसपा उम्मीदवार को 72,689 वोट मिले जबकि भाजपा उम्मीदवार अशोक कुमार सिंह को 72,659 मतों से संतोष करना पड़ा। जिला जन संपर्क विभाग ने रात 11:11 बजे रिजल्ट जारी किया। हिंसा की घटना पर चुनाव आयोग के अधिकारियों की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। पुलिस की ओर से साझा की गई जानकारी के मुताबिक, शांति और काननू व्यवस्था को बनाए रखने और भीड़ को तितिर-बितिर करने के लिए बल प्रयोग करना पड़ा।




