डेस्कः बिहार के सुपौल जिले में मंत्री नीरज कुमार बबलू के कार्यक्रम में एक सरकारी अफसर शराब के नशे में पहुंच गए। मंच पर मौजूद डीएम को शक हुआ तो उन्होंने जिला मत्स्य पदाधिकारी की ब्रेथ एनालाइजर से जांच कराई। उसमें अधिकारी के 10 मिलीग्राम शराब की पुष्टि हुई। इसके बाद डीएम ने उन्हें जेल भिजवा दिया। साथ ही विभागीय कार्रवाई शुरू करने के भी निर्देश दिए गए। जिला मत्स्य पदाधिकारी शंभु कुमार पहले भी शराब पीने के मामले में पकड़े जा चुके हैं।
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दरअसल, सुपौल के टाउन हॉल में गुरुवार को पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग द्वारा मछुआरा दिवस के मौके पर एक दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि पीएचईडी मंत्री नीरज सिंह बबलू मौजूद रहे। इसी दौरान मंच पर मौजूद मत्स्य पदाधिकारी शंभु कुमार की गतिविधि से डीएम सावन कुमार को शक हुआ। डीएम ने उन्हें अपने पास बुलाया तो अधिकारी के मुंह से शराब की गंध आ रही थी।
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इसके बाद डीएम ने शंभु कुमार को सर्किट हाउस बुलवाया और उत्पाद अधीक्षक को सूचना दी। उत्पाद विभाग की टीम सर्किट हाउस पहुंची और मत्स्य पदाधिकारी की ब्रेथ एनालाइजर से जांच की गई। जांच में शराब पीने की पुष्टि हुई और अल्कोहल की मात्रा 10 मिलीग्राम पाई गई।
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डीएम की मौजूदगी में जांच के बाद मत्स्य अधिकारी को उत्पाद विभाग के हवाले कर दिया गया। वहां से उत्पाद विभाग की टीम उसे थाने लाई। वहां ब्लड सैंपल लिया गया और एफआईआर दर्ज करने के बाद अधिकारी को जेल भेज दिया गया।
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‘होमियापैथी दवा खाएं हैं सर, दारू नहीं पिए हैं’
नशे में धुत्त मत्स्य पदाधिकारी शंभु कुमार को जब सर्किट हाऊस बुलाकर डीएम ने पूछा तो उनका कहना था कि सर उल्टी हुई थी तो होमियापैथिक की दवा खाए हैं, जो शराब की तरह गंध करती है। उत्पाद कार्यालय में जेल भेजे जाने से पहले भी मत्स्य पदाधिकारी कहते रहे कि शराब नहीं दवा खाए हैं।
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जिला पदाधिकारी सावन कुमार ने बताया कि मत्स्य पदाधिकारी शंभु कुमार पहले भी शराब पीने के मामले में पकड़े जा चुके हैं। इस बार उनपर दर्ज एफआईआर में पिछली घटना का जिक्र भी कराया गया है। उत्पाद अधीक्षक को कहा गया है कि एफआईआर में नशे में दोबारा पकड़े जाने का उल्लेख करते हुए उसे जेल भेजें। मत्स्य पदाधिकारी के निलंबन के लिए विभाग को अनुशंसा कर दी गई है।
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नेपाल से शराब पीकर आते समय पकड़े गए थे अफसर
जिला मत्स्य पदाधिकारी शंभु कुमार 9 मार्च 2024 को नेपाल से शराब के नशे में झूमकर वापस सुपौल आ रहे थे। इंडो-नेपाल बॉर्डर के भीमनगर चेक पोस्ट पर उत्पाद विभाग के चेक पोस्ट पर ब्रेथ एनालाइजर से जांच में अधिकारी के शराब पीने की पुष्टि हुई थी। जैसे ही उत्पाद विभाग को अधिकारी होने की खबर लगी तो इंस्पेक्टर से लेकर उत्पाद अधीक्षक तक ने चुप्पी साध ली थी। नालंदा के रहने वाले शंभु कुमार को 10 जुलाई को कोर्ट में चोरी-छिपे लाकर जुर्माना भरवाया गया था। मामले में 611/24 केस दर्ज हुआ था।




