झारखंड में CBI की कार्रवाई, NHAI के दो अधिकारी सहित 5 रिश्वत लेने के आरोप में गिरफ्तार

Picture of Live Dainik

Live Dainik

July 16, 2025

गिरिडीह में CBI की बड़ी कार्रवाईः CGST के अधीक्षक और निरीक्षक 50 हजार घूस लेते गिरफ्तार

रांचीः सीबीआई ने रिश्वत लेने के मामले में एनएचएआई के दो अधिकारियों समेत 5 लोगों को गिरफ्तार किया है। इन सभी पर झारखंड में एक राजमार्ग परियोजना से संबंधित लाखों रुपए घूस लेने का आरोप है। बीआई ने इस मामले में बीवीईपीएल के सीओओ को भी गिरफ्तार किया है।

रांची-पलामू सहित कई जिलों में होगी भारी बारिश, मौसम विभाग ने जारी किया अलर्ट
सीबीआई ने डीआरबी सदस्य के रूप में तैनात पूर्व इंजीनियर राकेश भसीन और भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) के उप प्रबंधक स्वतंत्र गौरव और विश्वजीत सिंह को गिरफ्तार किया है। इन सभी पर एक निजी कंपनी के पक्ष में फैसले लेने के लिए कथित तौर पर रिश्वत लेने का आरोप है।

झारखंड में विशिष्ट सेवा और वीरता दिखाने वाले पुलिस पदाधिकारी होंगे सम्मानित, राज्यपाल पदक, मुख्यमंत्री पदक और पुलिस पदक की घोषणा
सीबीआई अधिकारियों ने मंगलवार को बताया कि झारखंड में एक राजमार्ग परियोजना से संबंधित 10 लाख रुपए से अधिक की रिश्वत लेने के मामले में इन्हें गिरफ्तार किया गया है। सीबीआई ने इस मामले में भारत वाणिज्य ईस्टर्न प्राइवेट लिमिटेड (बीवीईपीएल) के मुख्य परिचालन अधिकारी (सीओओ) मनीष मिश्रा और उनके कर्मचारी उमेश माथुर को भी गिरफ्तार किया है।

See also  Petrol Diesel Price Hike:पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ाए गए, 3 रुपये प्रति लीटर की हुई बढ़ोतरी

IPS इंद्रजीत महथा को मिली बड़ी जिम्मेदारी, झारखंड पुलिस मुख्यालय ने जारी किया आदेश
आरोप है कि दिनेशचंद्र आर. अग्रवाल इंफ्राकॉन प्राइवेट लिमिटेड को झारखंड में भोगू और सांखा के बीच एक राजमार्ग को चार लेन का बनाने के लिए एनएचएआई द्वारा 818 करोड़ रुपए का ठेका दिया गया था। कंपनी ने इस परियोजना को 769.36 करोड़ रुपए की लागत से एक निजी इंफ्रा डेवलपमेंट फर्म बीवीईपीएल को दे दिया था।

मंदिर में चोरी करने के बाद चोर को आ गई नींद, सामान के साथ वहीं सो गया, जब सुबह नींद खुली तो..
सीबीआई की प्राथमिकी में आरोप लगाया गया है कि राकेश भसीन, गौरव और विश्वजीत सिंह ने 26 जून से 30 जून 2025 के बीच परियोजना की गुणवत्ता का आकलन किया था। बीवीईपीएल के सीओओ मनीष मिश्रा ने अपने कर्मचारी माथुर को भसीन को 5 लाख रुपए और सिंह को एक लाख रुपए देने का निर्देश दिया था ताकि अनुकूल ऑडिट रिपोर्ट प्राप्त की जा सके। बाद में मनीष मिश्रा ने एक अन्य कर्मचारी से गौरव के दोस्त को भी 5 लाख रुपए की रिश्वत की एक और किश्त देने को कहा।

See also  RJD को बड़ा झटका, पूर्व राज्यसभा सांसद अशफाक करीम का इस्तीफा, मुसलमानों के भागीदारी में हकमारी का आरोप

सुदेश महतो ने की हेमंत सोरेन से मुलाकात, शिबू सोरेन के स्वास्थ्य को लेकर ली जानकारी
एफआईआर में कहा गया है कि माथुर ने कथित तौर पर भसीन से जयपुर में मिलने का आग्रह किया। इस दौरान भसीन अनुकूल ऑडिट रिपोर्ट के लिए 4 लाख रुपए लेने पर राजी हो गए। अधिकारियों ने बताया कि सीबीआई ने एक अभियान चलाकर भसीन, गौरव, सिंह, माथुर और मिश्रा को गिरफ्तार कर लिया।

WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now

Trending Now