डेस्कः सारण में ऑपरेशन लंगड़ा के तहत पुलिस और अपराधियों में मुठभेड़ हुई। इसमें एक लाख रुपये के इनामी और गैंग सरगना मुन्ना मियां तथा उसके साथी रणजीत सिंह के पैरों में गोली लगी। दोनों के साथ तीन अन्य अपराधियों को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया। पुलिस का कहना है कि अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई में कोई ढिलाई नहीं बरती जाएगी। उनके पास से पिस्तौल, कारतूस, देसी कट्टा, मोबाइल और बाइक जब्त की है।
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पुलिस को सूचना मिली थी कि परसा पूर्वी के पूर्व मुखिया अशोक राय के पॉल्ट्री फॉर्म पर मुन्ना मियां अपने गिरोह के साथ मौजूद है और किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की योजना बना रहा है। एसडीपीओ एकमा राजकुमार और थानाध्यक्ष उदय कुमार के नेतृत्व में छापेमारी टीम गठित की गई। पुलिस टीम जैसे ही तिलकार गांव के पास पहुंची, अपराधियों ने गोलियां बरसानी शुरू कर दीं। पुलिस ने भी जवाबी फायरिंग की। करीब 15 मिनट तक दोनों ओर से गोलियां चलती रहीं।
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इस दौरान मुन्ना मियां और भरहोपुर निवासी रंजीत सिंह के पैर में घुटने के नीचे गोली लगी। दोनों को लेकर पुलिस ने पहले एकमा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और बाद में सदर अस्पताल छपरा भेजा। मौके से सत्येन्द्र पटेल, सचिन कुमार यादव और प्रिंस यादव को भी गिरफ्तार किया गया, जबकि दो फरार हो गए।मुठभेड़ की सूचना मिलते ही वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. कुमार आशीष और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, सदर-2 मौके पर पहुंचे। उन्होंने घटनास्थल का निरीक्षण किया और गिरफ्तारी के बाद आरोपियों पर स्पीडी ट्रायल चलाकर कड़ी सजा दिलाने का निर्देश दिया।




