वित्त मंत्री ने वाणिज्य कर अधिकारी को सस्पेंड करने का आदेश दिया, मामला सामने आने पर राधाकृष्ण किशोर हुए हैरान

Picture of Live Dainik

Live Dainik

October 22, 2025

राधाकृष्ण किशोर ने लौटाई सरकारी गाड़ी! मंत्री नई इनोवा कार में कर रहे हैं सफर

रांचीः राज्य कर सहायक आयुक्त के पद पर कार्यरत अधिकारी पुष्पलता विभागीय आदेश की परवाह नहीं करती हैं। पुष्पलता जमशेदपुर में ट्रेजरी अफसर के रूप में कार्यरत रहीं। तीन वर्ष का कार्यकाल पूरा होने पर वाणिज्य कर विभाग ने 28 जुलाई 2023 में इनकी सेवा वित्त विभाग ने वापस लेने की अधिसूचना जारी की।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन 24 अक्टूबर को करेंगे SAFF एथलेटिक्स चैंपियनशिप का उद्घाटन, 200 से ज्यादा खिलाड़ी होंगे शामिल
अधिसूचना में विभाग ने निर्देश दिया कि वह सात दिनों में सिंहभूम अंचल के जमशेदपुर में बतौर राज्य कर सहायक आयुक्त अपनी सेवा दें। उन्होंने अपने विभाग को कोई सूचना नहीं दी और न ही आदेश के अनुपालन की समीक्षा की। इधर तीन महीने बाद 19 अक्टूबर 2023 को ही वित्त विभाग ने एक अधिसूचना जारी करते हुए आदेश दिया कि जमशेदपुर की ट्रेजरी ऑफिसर अगले आदेश तक पद में बनी रहेंगीं। वह पूरे पांच वर्षो तक जमशेदपुर में ही रहीं।

See also  बिहार की नई ड्राफ्ट मतदाता सूची जारी , 1 अगस्त से देखें अपना नाम, जानिए नाम हटाने-जोड़ने की पूरी प्रक्रिया

रांची में दीपावली की रात हिस्ट्रीशीटर की गोली मारकर हत्या, मामूली विवाद का खूनी अंजाम
वित्त मंत्री भी मामला जानकर रह गये हैरानः सूचना के मुताबिक यह मामला वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर के संज्ञान में अब आया है। वित्त मंत्री ने इस अधिकारी से संबंधित विभागीय आदेश पर रिपोर्ट मांगी। इसके बाद वाणिज्य कर सचिव को निर्देश दिया है कि यह घोर विभागीय लापरवाही और एक अधिकारी की अनुशासनहीनता है। राज्य कर सहायक आयुक्त को विभागीय कार्रवाई के तहत निलंबित करें। फिलहाल पुष्पलता डोरंडा कोषागार में बतौर ट्रेजरी ऑफिसर कार्यरत है। जानकारी के अनुसार, वाणिज्य कर अधिकारी पुष्पलता वर्ष 2024 में चुनाव आयोग के निर्देश के आलोक में जमशेदपुर से स्थानांतरित की गयीं। वित्त विभाग ने 13 फरवरी 2024 को एक अधिसूचना जारी कर उन्हें रांची के ट्रेजरी ऑफिसर के रूप में स्थानांतरित किया। एक ही जगह पर तीन वर्ष की सेवा होने के कारण चुनाव को देखते हुए इस अधिकारी का स्थानांतरण हुआ।

See also  Mumbai Airport Incident: टैक्सीवे पर एयर इंडिया और इंडिगो विमान के पंख टकराए, सभी यात्री सुरक्षित

बीजेपी विधायक सतेंद्र नाथ तिवारी की तबीयत बिगड़ी, दिपावली के दिन दिल्ली के अस्पताल में कराया गया भर्ती
ऐसे हो रही मनमानी, आदेश की परवाह नहींः राज्य में ट्रेजरी ऑफिसर का कोई कैडर नहीं हैं, वाणिज्यकर विभाग अपने अधिकारियों को बतौर ट्रेजरी ऑफिसर सेवा के लिए वित्त विभाग में प्रतिनियुक्त करता है। विभागीय अधिकारी की सेवा वाणिज्य कर विभाग वापस लेना चाहता है, लेकिन अधिकारी इस आदेश को लेकर कोई जवाब नहीं देते। वाणिज्य कर विभाग भी अपना आदेश विलोपित नहीं करता। वाणिज्य कर विभाग भी नहीं पूछता कि मेरे अधिकारी की सेवा क्यों वापस नहीं दे रहे हैं। दरअसल, इस मामले को इधर-उधर फेंक कर अधिकारी को जगह पर बनाये रखा जाता है।

हेमंत सरकार के मंत्री ने RJD और कांग्रेस को कहा धुर्त और धोखेबाज, बिहार विधानसभा चुनाव में JMM ने उम्मीदवार नहीं उतारे
इस मामले में वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने कहा कि राज्य में हेमंत सोरेन की सरकार चल रही है। प्रशासनिक स्तर पर अनुशासनहीनता सहन नहीं की जायेगी। निश्चित रूप से अनुशासनहीन पदाधिकारी पर कार्रवाई होगी। यह मामला मेरे संज्ञान में आया है। मैंने राज्य कर सहायक आयुक्त के खिलाफ विभागीय कार्रवाई का निर्देश दिया है।
इस मामले में कोषागार पदाधिकारी डोरंडा पुष्पलता कुमारी ने कहा कि विभाग के शॉ-कॉज का जवाब मैने दे दिया है। वाणिज्य कर विभाग की अधिसूचना से मेरी सेवा वित्त विभाग से वापस मांगी गयी, लेकिन मुझे कोई रिलीवर नहीं दिया गया। मेरे साथ 10-12 लोगों की सेवा वापस हुई थी। किसी ने भी योगदान नहीं दिया था। इसके बाद वित्त विभाग ने मुझे जमशेदपुर में ही रहने दिया। मैं मूल विभाग में सेवा दे भी देती, तो वित्त विभाग के आदेश की अवहेलना होती।

See also  काम दिलाने के बहाने महिला से दरिंदगी, खंडहर में ले जाकर दो लोगों ने किया गैंगरेप
WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now

Trending Now