सिमडेगाः जिले के महाबुआंग थाना परिसर से एक बेहद दुखद और झकझोर देने वाली खबर सामने आई है। यहां रविवार की सुबह ड्यूटी के दौरान एक दर्दनाक हादसे में पुलिस जवान (आरक्षी) राजू तिर्की की गोली लगने से असामयिक मौत हो गई। दिवंगत जवान रांची जिले के रातू थाना अंतर्गत टिंबरा गांव के रहने वाले थे।राजू तिर्की 2011 बैच के सिपाही थे।इस आकस्मिक घटना के बाद से पूरे पुलिस महकमे में शोक की लहर दौड़ गई है।

ड्यूटी के दौरान अचानक चली गोली
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह दर्दनाक वाकया रविवार की सुबह करीब 10:00 बजे का है। आरक्षी राजू तिर्की महाबुआंग थाना परिसर में मुस्तैदी से अपनी ड्यूटी पर तैनात थे। इसी दौरान अचानक उनकी ही सर्विस गन (हथियार) से मिसफायर या अन्य कारणों से अचानक गोली चल गई। गोली इतनी नजदीकी से चली कि वह उनके गले को भेदते हुए सीधे माथे से पार हो गई। गोली लगते ही जवान लहूलुहान होकर गंभीर रूप से वहीं गिर पड़े। गोली चलने की आवाज सुनते ही थाना परिसर में हड़कंप और अफरा-तफरी मच गई।साथी पुलिसकर्मियों ने बिना वक्त गंवाए आनन-फानन में घायल राजू तिर्की को तुरंत इलाज के लिए सिमडेगा सदर अस्पताल पहुंचाया।हालांकि, तब तक काफी देर हो चुकी थी और अस्पताल के चिकित्सकों ने गहन जांच के बाद उन्हें मृत घोषित कर दिया।

एसपी और डीएसपी पहुंचे अस्पताल
जवान की मौत की खबर मिलते ही जिले के पुलिस कप्तान (एसपी) श्रीकांत एस खोटरे, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (एसडीपीओ), और डीएसपी मुख्यालय रणवीर सिंह समेत कई आला अधिकारी तुरंत सदर अस्पताल पहुंचे। अधिकारियों ने अस्पताल परिसर में दिवंगत आरक्षी के पार्थिव शरीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। इस दौरान पूरा अस्पताल परिसर गमगीन माहौल में डूब गया और राजू तिर्की के साथी पुलिसकर्मी अपने मित्र को खोने के गम में मर्माहत नजर आए। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसपी श्रीकांत एस खोटरे ने बताया कि प्रथम दृष्टया आरक्षी की मौत अपने ही हथियार से गोली लगने के कारण हुई है। हालांकि, घटना के पीछे की असली वजह और परिस्थितियों का सटीक पता लगाने के लिए एसडीपीओ और डीएसपी मुख्यालय के नेतृत्व में एक उच्च स्तरीय जांच दल (SIT) का गठन कर दिया गया है। एसपी ने साफ किया कि पूरी विस्तृत जांच रिपोर्ट आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि गोली किन परिस्थितियों में और कैसे चली।



