ED अधिकारियों को झारखंड हाईकोर्ट से बड़ी राहत, पुलिस जांच पर लगाई रोक, सुरक्षा देने का दिया निर्देश, राज्य सरकार से मांगा जवाब

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January 16, 2026

ED अधिकारियों को झारखंड हाईकोर्ट से बड़ी राहत, पुलिस जांच पर लगाई रोक, सुरक्षा देने का दिया निर्देश, राज्य सरकार से मांगा जवाब

रांचीः प्रवर्तन निदेशालय के अधिकारियों पर प्राथमिकी दर्ज करने के मामले में शुक्रवार को झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई। कोर्ट ने ईडी अधिकारियों को बड़ी राहत देते हुए पीड़िक कार्रवाई पर रोक लगा दी है। जस्टिस एसके द्विवेदी की अदालत इस मामले पर सुनवाई हुई।

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पेयजल विभाग के क्लर्क संतोष कुमार  ने रांची में ईडी के अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई थी। जिसके बाद गुरुवार को रांची पुलिस की टीम ईडी के अधिकारियों से पूछताछ करने और जांच कराने पहुंची थी। इसके बाद ईडी की ओर से हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की गई थी।

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कोर्ट ने केंद्रीय गृह मंत्रालय को प्रतिवादी बनाते हुए ईडी कार्यालय को पैरामिलिट्री फोर्स की सुरक्षा देने का निर्देश दिया है। इसके साथ ही कोर्ट ने राज्य सरकार और संतोष कुमार को जवाब दाखिल करने को भी कहा है। मामले में अगली सुनवाई दो हफ्ते बाद होगी। ईडी की ओर से अधिवक्ता एके दास और सौरव कुमार ने पक्ष रखा। जबकि राज्य सरकार की ओर से वरीय अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने पक्ष रखा।

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ED ने बताया था कि झारखंड में बंगाल जैसी कार्रवाई को दोहराया जा रहा

ED उनकी ओर से अदालत को मौखिक रूप से बताया गया कि राज्य में बंगाल जैसी कार्रवाई को दोहराया जा रहा है। यहां भी ईडी अधिकारियों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई है और जांच के लिए राज्य पुलिस ईडी कार्यालय पहुंच गई है। इस मामले की जांच सीबीआइ से कराई जाए।इसके अलावा याचिका में पीएचईडी कर्मी संतोष कुमार की ओर से एयरपोर्ट थाना में दर्ज प्राथमिकी को निरस्त करने और पुलिस की जांच पर रोक लगाने की मांग की गई है।

मामले की गंभीरता को देखते हुए अदालत ने ईडी के आग्रह को स्वीकार करते हुए शुक्रवार को सुनवाई निर्धारित की थी। सहायक निदेशक प्रतीक और सहायक प्रवर्तन अधिकारी शुभम भारती ने हाई कोर्ट में याचिका दाखिल की थी। इसमें कहा गया है था राज्य की पुलिस जांच के नाम पर भ्रष्टाचार से संबंधित दस्तावेज में छेड़छाड़ कर रही है। बता दें कि दोनों जांच एजेंसी में टकराव की स्थिति तब उत्पन्न हो गई जब पीएचईडी कर्मी संतोष कुमार ने ईडी के अधिकारियों पर मारपीट का आरोप लगाया।

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उसने मंगलवार को एयरपोर्ट थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई। प्राथमिकी में कहा गया है कि पेयजल विभाग में करीब 20 करोड़ के घोटाले में उसे ईडी ने पूछताछ के लिए बुलाया था। पूछताछ के दौरान ईडी के अधिकारियों ने उसके साथ मारपीट की। इसके बाद गुरुवार को रांची पुलिस जांच करने के लिए ईडी कार्यालय पहुंची थी।

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घटना का विवरण

15 जनवरी को सुबह रांची पुलिस की टीम ईडी के एयरपोर्ट रोड कार्यालय पहुंची। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज जब्त की और दस्तावेजों की जांच की।यह कार्रवाई पेयजल एवं स्वच्छता विभाग के पूर्व कर्मचारी संतोष कुमार की शिकायत पर हुई, जिन पर 2.71 करोड़ रुपये की हेराफेरी का आरोप है और ईडी जांच कर रही है। संतोष कुमार ने 12 जनवरी को एयरपोर्ट थाने में एफआईआर दर्ज कराई, जिसमें ईडी के असिस्टेंट डायरेक्टर प्रतीक और असिस्टेंट शुभम पर पूछताछ के दौरान मारपीट, गाली-गलौज और धमकी का आरोप है। ईडी का दावा है कि कुमार ने खुद को चोट पहुंचाई, ताकि अधिकारियों को फंसाया जा सके। ईडी ने कोई चोट नहीं पहुंचाई है।

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