DESK: झारखंड मुक्ति मोर्चा के संस्थापक और झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री Shibu Soren को मरणोपरांत पद्म भूषण से सम्मानित किया गया है। राष्ट्रपति Droupadi Murmu ने सोमवार को राष्ट्रपति भवन के गणतंत्र मंडप में आयोजित समारोह में वर्ष 2026 के पहले पद्म पुरस्कार प्रदान किए।
गौरतलब है कि केंद्र सरकार ने 25 जनवरी 2026 को गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर ‘दिशोम गुरु’ शिबू सोरेन को मरणोपरांत पद्म भूषण देने की घोषणा की थी। शिबू सोरेन को पद्म भूषण से सम्मानित किए जाने पर झामुमो नेताओं और अन्य जनप्रतिनिधियों ने खुशी जताई है।
दिशोम गुरु के नाम से प्रसिद्ध शिबू सोरेन ने झारखंड राज्य आंदोलन को मजबूत करने और आदिवासी, दलित एवं गरीबों की आवाज को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। लंबे राजनीतिक जीवन में उन्होंने कई बार झारखंड के मुख्यमंत्री के रूप में भी राज्य का नेतृत्व किया। उनके योगदान को देखते हुए केंद्र सरकार द्वारा यह सम्मान प्रदान किया गया।समारोह में प्रधानमंत्री Narendra Modi, गृह मंत्री Amit Shah समेत कई केंद्रीय मंत्री और गणमान्य लोग मौजूद रहे।
शिबू सोरेन को सम्मान मिलने के बाद झारखंड के विभिन्न जिलों में समर्थकों और झामुमो कार्यकर्ताओं ने खुशी जाहिर की। कई जगहों पर मिठाइयां बांटी गईं और लोगों ने इसे झारखंड आंदोलन तथा राज्य की जनता के सम्मान से जोड़कर देखा।
राजनीतिक और सामाजिक संगठनों ने भी दिशोम गुरु को मिले इस सम्मान को झारखंड के लिए गौरव का क्षण बताया है। नेताओं ने कहा कि शिबू सोरेन ने अपना पूरा जीवन जल, जंगल और जमीन की लड़ाई में समर्पित किया, जिसका सम्मान आज पूरे देश ने किया है।


