रांची: झारखंड में विधानसभा चुनाव से पहले बीजेपी को बड़ा झटका लगा है। पूर्व विधायक कुणाल सारंगी ने प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी के नाम लिखे गए पत्र में अपने इस्तीफे की घोषणा की। इससे पहले कुणाल सारंगी ने लोकसभा चुनाव के दौरान प्रवक्ता पद से इस्तीफा दे दिया था।वह 2014 से 2019 तक बहरागोड़ा से झारखंड विधानसभा के पूर्व सदस्य थे, सचेतक और सत्ताधारी दल झारखंड मुक्ति मोर्चा के पूर्व केंद्रीय प्रवक्ता और लोक लेखा समिति (पीएसी) के सदस्य भी थे।
बाबूलाल मरांडी को लिखा दर्दे दिल
कुणाल सांरगी ने अपने त्यागपत्र में बीजेपी में खुद की स्थिति बताते हुए कहा कि उनकी मांगों को लेकर किसी तरह की सुनवाई नहीं होती । कुणाल सारंगी ने लिखा ‘’इस पत्र के माध्यम से मैं भारतीय जनता पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से त्यागपत्र दे रहा हूँ। यह निर्णय मैंने गहन चिंतन और आत्ममंथन के उपरांत लिया है।
बीजेपी पर लगाया आरोप
पिछले कई महीनों से मैं यह महसूस कर रहा हूँ कि कई बार पूर्वी सिंहभूम जिले की बुनियादी समस्याओं से जुड़े विषयों और संचालन के मुद्दों को आपके और अन्य संबंधित अधिकारियों के संज्ञान में लाने के बावजूद पार्टी ने किसी भी महत्वपूर्ण मुद्दे के प्रति इच्छाशक्ति नहीं दिखाई है। ऐसे में मैं पार्टी की प्राथमिक सदस्यता से त्यागपत्र दे रहा हूँ। मुझे उम्मीद थी कि मेरे द्वारा रखे गए विषयों पर पार्टी ध्यान देगी लेकिन दुःख है कि ऐसा आज तक भी नहीं हो सका है।
#जय_जगन्नाथ #जय_हिंद #जय_झारखंड 🙏 pic.twitter.com/vZgY7Hd1Uq
— Kunal Sarangi 🇮🇳 (@KunalSarangi) July 7, 2024
बीजेपी नेताओं की कार्यशैली पर सवाल
जिले की बुनियादी बुनियादी समस्याओं और विषयों जैसे पर युवाओं के मुद्दे पर खड़े होने पर जन प्रतिनिधि हमेशा से मौन रहे हैं और संगठन की अंतर्रात्मा अनुशासन हीनता की सीमा को भी पार करते दिखाई दिए हैं। इन परिस्थितियों में अब मेरा कोई भी यह कदम नहीं उठाना दुभाग्यजनक है और मैं ऐसी कार्यशैली से सहमत नहीं हूँ और राजनीति में आगे के मेरे मुख्य उद्देश्य के प्रति न्याय करने में असमर्थ हूँ।
बीजेपी में रहना अब संभव नहीं
पूर्वी सिंहभूम जिले की जनता के हित में यह आवश्यक है कि उनकी आवाज को जोरदार तरीके से बुलंद किया जाए ताकि उनके समस्याओं का उचित समाधान हो सके जो कि वर्तमान के परिस्थिति में भाजपा में रह कर मुझे संभव प्रतीत नहीं होता है।’’
नड्डा को भी भेजा इस्तीफा
कुणाल सांरगी ने अपना इस्तीफा राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा, संगठन महामंत्री बीएल संतोष औऱ झारखंड संगठन महामंत्री ने कर्मवीर सिंह को भी भेजा है । माना जा रहा है कि कुणाल सारंगी जल्द ही अपनी पुरानी पार्टी का दामान थाम सकते हैं।




