हजारीबाग के महिला थाना परिसर में नर्स ने खाया जहर, न्याय न मिलने से मानसिक रूप से टूटी थी युवती

हजारीबाग के महिला थाना परिसर में नर्स ने खाया जहर, न्याय न मिलने से मानसिक रूप से टूटी थी युवती

हजारीबाग : शनिवार शाम हजारीबाग में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब बड़कागांव थाना क्षेत्र की रहने वाली एक नर्स ने महिला थाना परिसर में जहर खाकर आत्महत्या का प्रयास किया। घटना के तुरंत बाद पुलिसकर्मियों ने गंभीर हालत में युवती को शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया, जहां उसका इलाज जारी है।

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पीड़िता गहरे मानसिक तनाव में थी। बताया गया कि न्यायालय से आरोपी को गिरफ्तारी पर अंतरिम राहत मिलने के बाद वह पूरी तरह टूट गई थी। युवती ने आरोप लगाया है कि बड़कागांव के हरली निवासी विकास कुमार मेहता, जो शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज हजारीबाग में एमबीबीएस चौथे वर्ष का छात्र है, ने शादी का झांसा देकर उसके साथ यौन शोषण किया। युवती के अनुसार पहली घटना हजारीबाग के स्वर्ण जयंती पार्क में हुई, जबकि दूसरी घटना उसके गांव में घटित हुई। मामला न्यायालय पहुंचने के बाद आरोपी को फिलहाल गिरफ्तारी से राहत मिल गई, जिससे पीड़िता का मानसिक संतुलन और बिगड़ गया। युवती ने महिला थाना पुलिस पर भी असंवेदनशील व्यवहार का आरोप लगाया है। उसका कहना है कि आठ जुलाई को जब वह शिकायत लेकर महिला थाना पहुंची थी, तब यह कहकर लौटा दिया गया कि पार्क में इस तरह की घटनाएं आम हैं।

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इधर, परिजनों का आरोप है कि आरोपी की मां पहले शादी का प्रस्ताव लेकर आई थीं, लेकिन बाद में भारी दहेज की मांग शुरू कर दी गई। इससे पीड़िता पर मानसिक दबाव और बढ़ता चला गया। शनिवार शाम वह महिला थाना में बयान देने और न्याय की गुहार लगाने पहुंची थी। इसी दौरान अचानक उसने जहर खा लिया। घटना के बाद महिला थाना में हड़कंप मच गया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए युवती को अस्पताल पहुंचाया। पीड़िता के चचेरे भाई प्रेमचंद कुमार ने आरोप लगाया कि न तो समय पर पुलिस से अपेक्षित सहयोग मिला और न ही अस्पताल में समुचित इलाज की व्यवस्था है। उन्होंने कहा कि यदि उनकी बहन को कुछ होता है, तो इसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।

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घटना की सूचना मिलते ही सीसीआर डीएसपी मनोज कुमार सिंह, महिला थाना प्रभारी विंध्यवासिनी सिन्हा, सदर थाना प्रभारी सुभाष सिंह समेत कई वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और मामले की जानकारी ली। पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है और पीड़िता के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

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