डेस्कः जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले में एलओसी के KG सेक्टर से भारत में घुसपैठ करने की कोशिश के दौरान, लश्कर-ए-तैयबा के एक टॉप कमांडर समेत 4 पाकिस्तानी आतंकवादी लैंडमाइन धमाके में मारे गए। इन आतंकवादियों की पहचान पुंछ जिले (POJK) की हाजीरा तहसील के मंडला और मदारपुर के रहने वालों के तौर पर हुई है। इनकी पहचान मोहम्मद इश्तियाक, टॉप LeT कमांडर मोहम्मद फैजान, मोहम्मद वकास और मोहम्मद आसिम के रूप में की गई है।
इलाके में अलर्ट पर सुरक्षा बल
जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले में एक सीमावर्ती गांव में जोरदार धमाके की आवाज सुनाई दी। इस धमाके को लेकर संदेह जताया जा रहा है कि यह आईईडी ब्लास्ट था। इस धमाके के बाद सुरक्षा बल अलर्ट हैं और उनकी तैनाती भी आसपास के इलाके में बढ़ा दी गई है। यह धमाका जीरो लाइन के पास बसे इलाके सतवाल-नाकी के पास होने की खबर है। यह धमाका उस वक्त हुआ, जब एलओसी के पास कुछ लोगों का मूवमेंट दिखा था।

किसने किया धमाका, यह स्पष्ट नहीं
यह भी स्पष्ट नहीं है कि यह धमाका एलओसी पार कर भारत में घुसने की कोशिश कर रहे संदिग्ध आतंकियों ने किया या फिर पाकिस्तानी सुरक्षा बलों ने किया था। अब तक इस धमाके की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। धमाके के बाद सुरक्षा बलों ने सीमा से सटे सभी इलाकों में अलर्ट जारी कर दिया है। इसके अलावा सतर्कता भी बढ़ा दी गई है। त्योहारी सीजन से पहले किसी तरह की आतंकी घुसपैठ को लेकर सुरक्षा बल पहले से ही सतर्क हैं। अब इस घटना के बाद मुस्तैदी और बढ़ा दी है।बता दें कि सोमवार को ही सैनिकों ने मेंढर सेक्टर के बसोनी इलाके में दो लैंडमाइंस बरामद किए थे।
यह धमाका जहां हुआ है, वह काफी संवेदनशील है। यहां से अकसर आतंकवादी घुसपैठ करते रहे हैं। इसी तरह के एक धमाके में पाकिस्तान की BAT टीम के 6 लोग मारे गए थे। बता दें कि आज सुबह ही इसी इलाके के पास दो लैंडमाइन पाए गए थे। इन्हें सेना ने निष्क्रिय कर दिया है। बीते एक सप्ताह के अंदर ही यहां से करीब एक दर्जन लैंडमाइन बरामद किए गए हैं। बता दें कि सर्दियों के मौसम में आतंकी घुसपैठ के मामलों में थोड़ा इजाफा होने लगता है। ऐसे में अगले कुछ महीने घुसपैठ रोकने के लिहाज से सुरक्षाबलों के लिए अहम हैं।



