मधुबनीः खजौली थाने के ठाहर गांव के जुगे ठाकुर के बेटे कृष्ण कुमार ठाकुर की रोड़ एक्सीडेंट में मौत के बाद पीड़ित परिवार से मिलने गये खजौली विधायक सह मंत्री अरुण शंकर प्रसाद पर लोगों ने जानलेवा हमला किया। इस दौरान असामाजिक तत्वों ने मंत्री से दुर्व्यवहार किया और वाहन को क्षतिग्रस्त कर दिया। मंत्री के सुरक्षा गार्ड और उनके कार्यकर्ता ने किसी तरह उनकी जान बचायी। मंत्री के प्रतिनिधि हरिश्चंद्र शर्मा ने बताया कि मंत्री युवक की मौत पर संवेदना व्यक्त करने गये थे। अचानक तीन-चार सौ की संख्या में महिला-पुरूष जमा हो गये, उनके हाथों में लाठी व अन्य हथियार था। इसके बाद भीड़ ने मंत्री पर हमला कर दिया।
मधुबनी के खजौली में मंत्री अरुण शंकर प्रसाद पर हमला। एक सड़क दुर्घटना के दौरान संवेदना व्यक्त करने गए थे मंत्री। गाड़ी क्षतिग्रस्त@bihar_police @MadhubaniPol #bihar pic.twitter.com/KAjfElLDwZ
— Live Dainik (@Live_Dainik) June 8, 2026
बांस-बल्ले और पत्थरों से किये गये हमले में मंत्री की गाड़ी के शीशे टूट गये। हालांकि सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें बचा लिया। कलुआही थाने में पुलिस से बात करते हुए मंत्री ने आरोप लगाया कि शराब माफियाओं ने साजिश के तहत उनपर हमला कराया है। पुलिस अधीक्षक योगेन्द्र कुमार ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए बताया है कि घटना के बाद चलाए गए विशेष अभियान में सात आरोपितों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें मुख्य साजिशकर्ता के रूप में चिन्हित सुनील कुमार सिंह भी शामिल है। एसपी ने बताया कि घटना की गंभीरता को देखते हुए रविवार देर रात सदर एसडीएम, चार एसडीपीओ तथा दस थानों की पुलिस टीम के साथ संयुक्त छापेमारी अभियान चलाया गया। रात 11 बजे से शुरू हुई कार्रवाई के दौरान ठाहर एवं उसके आसपास के गांवों में एक साथ दबिश दी गई।तड़के तक चले अभियान में सात लोगों को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार आरोपितों में चार पुरुष और तीन महिलाएं शामिल हैं।

मामला पूरी तरह सुनियोजित साजिश
एसपी योगेन्द्र कुमार ने कहा कि प्रारंभिक जांच में यह मामला पूरी तरह सुनियोजित साजिश का प्रतीत होता है। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार मुख्य आरोपित सुनील कुमार सिंह पर भीड़ को भड़काने तथा मंत्री के आगमन की सूचना प्रसारित कर लोगों को एकत्रित करने का आरोप है।पुलिस को मिले साक्ष्यों और पूछताछ के आधार पर घटना में शामिल अन्य लोगों की भी पहचान की जा रही है। एसपी के अनुसार छापेमारी के दौरान आरोपितों के पास से छह मोबाइल फोन, लाठी-डंडे, पेट्रोल से भरी बोतलें तथा कुछ आपत्तिजनक सामग्री बरामद की गई है।
कॉल डिटेल रिकॉर्ड की जांच की जा रही
बरामद मोबाइल फोन और कॉल डिटेल रिकॉर्ड की जांच की जा रही है, जिससे घटना के पीछे सक्रिय लोगों और संभावित नेटवर्क का पता लगाया जा सके। पुलिस अधीक्षक ने बताया है कि युवक की मौत के बाद उत्पन्न जनाक्रोश का लाभ उठाकर कुछ असामाजिक तत्वों ने माहौल को भड़काने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है और किसी भी दोषी को बख्शा नहीं जाएगा। घटना में शामिल अन्य लोगों की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी जारी है। ज्ञात हो कि ठाहर गांव में सड़क दुर्घटना में एक युवक की मौत के बाद ग्रामीणों में आक्रोश था। इसी बीच मंत्री अरुण शंकर पीड़ित परिवार से मिलने गांव पहुंचे थे।



