लोहरदगा: खेल प्रतिभाओं को निखारने और रेफरी को तकनीकी रूप से सशक्त बनाने के उद्देश्य से लोहरदगा के होटल अमृत पैलेस सभागार में तीन दिवसीय नेशनल रेफरी सेमिनार और रिफ्रेशर कोर्स का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम का शुभारंभ लोहरदगा के उप विकास आयुक्त (डीडीसी) दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने दीप प्रज्वलन कर किया।
उद्घाटन सत्र में मुख्य अतिथि डीडीसी दिलीप प्रताप सिंह शेखावत ने अपने संबोधन में कहा कि खेल आज सिर्फ मनोरंजन का माध्यम नहीं, बल्कि अनुशासन, मेहनत और आत्मविश्वास का प्रतीक है। उन्होंने कहा—
> “किसी भी खेल प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल यानी रेफरी की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण होती है। जब रेफरी तकनीकी रूप से दक्ष और अद्यतन जानकारी से लैस होंगे, तभी खिलाड़ियों को निष्पक्ष निर्णय और सही दिशा मिलेगी।”
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उन्होंने आगे कहा कि ऐसे सेमिनार न केवल खेल के विकास में सहायक हैं, बल्कि युवाओं को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का मार्ग भी प्रशस्त करते हैं।
कार्यक्रम में बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, उड़ीसा, छत्तीसगढ़ और आंध्र प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों से 85 प्रशिक्षु रेफरी और खिलाड़ी शामिल हुए। प्रतिभागियों को अंतरराष्ट्रीय ताइक्वांडो रेफरी संतोष श्रीरंगम द्वारा नियमों, तकनीकी पहलुओं, निर्णय प्रक्रिया और निष्पक्षता के सिद्धांतों पर विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण के अंत में सभी प्रतिभागियों की परीक्षा भी ली गई, जिसमें उन्होंने अपने कौशल और सीखे हुए ज्ञान का प्रदर्शन किया।
तीन दिवसीय सेमिनार के समापन समारोह में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (एएसपी) वेदांत शंकर मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित हुए। उन्होंने नव-प्रशिक्षित रेफरियों को प्रमाणपत्र प्रदान किया और उनके उज्जवल भविष्य की कामना की।
वेदांत शंकर ने कहा—
> “लोहरदगा जैसे छोटे जिले में इतने बड़े स्तर का आयोजन होना गर्व की बात है। यहां से प्रशिक्षित रेफरी भविष्य में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय मंचों पर अपनी निर्णायक क्षमता से देश और राज्य का नाम रोशन करेंगे।”
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झारखंड ताइक्वांडो संघ के उपाध्यक्ष मिथिलेश कुमार सिंह ने कहा कि आगामी राष्ट्रीय एवं राज्य स्तरीय ताइक्वांडो प्रतियोगिताओं में नव-प्रशिक्षित रेफरियों को प्राथमिकता दी जाएगी। उन्होंने कहा—
> “रेफरियों को चाहिए कि वे समय-समय पर रिफ्रेशर कोर्स करते रहें, ताकि खेल में हो रहे नए बदलावों और तकनीकी सुधारों से वे सदैव अपडेट रहें।”
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इस अवसर पर झारखंड ताइक्वांडो संघ के उपाध्यक्ष मिथिलेश सिंह, जिला सचिव अजय महतो, पारस कुमार साहू, उप सचिव अरविंद यादव, अंतरराष्ट्रीय प्रशिक्षक संतोष श्रीरंगम, तथा विभिन्न राज्यों से आए प्रतिभागी रेफरी उपस्थित थे।
सेमिनार के दौरान खेल भावना, नियम अनुपालन, विवाद निवारण और मानसिक संतुलन जैसे विषयों पर विशेष सत्र भी आयोजित किए गए। तीन दिनों तक चले इस कार्यक्रम में प्रायोगिक प्रदर्शन (डेमो सेशन) भी हुए, जिनमें प्रतिभागियों ने अपने प्रशिक्षण का प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम का समापन राष्ट्रगान और सामूहिक फोटो सत्र के साथ हुआ। आयोजकों ने बताया कि भविष्य में भी लोहरदगा में इस तरह के राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर के प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे, ताकि जिले की खेल प्रतिभाओं को और अधिक अवसर मिल सकें













