रांचीः बिहार विधानसभा चुनाव के दौरान इंडिया गठबंधन में कुछ भी अच्छा नहीं चल रहा है। एक तरफ कांग्रेस-आरजेडी में खटपट चल रही है कई सीटों पर गठबंधन के दल ने एक दूसरे के खिलाफ उम्मीदवार उतार दिया है। वहीं दूसरी ओर झारखंड मुक्ति मोर्चा ने बिहार विधानसभा चुनाव में गठबंधन की ओर से सीट नहीं दिये जाने के बाद अलग से उम्मीदवार उतारने का एलान कर दिया है।
जयराम महतो ने रामदास मुर्मू को बनाया घाटशिला में उम्मीदवार, बाबूलाल सोरेन और सोमेश से होगी भिड़त
शनिवार को जेएमएम के केंद्रीय महासचिव और प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य ने प्रेस कांफ्रेंस कर आरजेडी और कांग्रेस पर गठबंधन नहीं होने का ठिकरा फोड़ा। उन्होंने कहा कि वो बिहार विधानसभा चुनाव के बाद झारखंड में भी गठबंधन की समीक्षा करेंगे, हर बार हमें धोखा मिलता है। हम सब कुछ बर्दाश्त कर सकते है लेकिन कार्यकर्ताओं का अपमान बर्दाश्त नहीं कर सकते। उन्होंने कहा कि 2019 में आरजेडी के झारखंड में केवल एक विधायक थे फिर भी उन्हें हमने मंत्री बनाया। उन्होंने कहा कि याचना नहीं अब रण होगा।
बिहार चुनाव: लालू ने शरद यादव के बेटे को टिकट नहीं दिया, फोटो दिखा शांतनु बोले- समाजवाद की हार हुई
सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा, “…पार्टी ने बिहार चुनाव में छह सीटों पर अकेले चुनाव लड़ने का फैसला किया है। हमने महागठबंधन के सभी घटक दलों – राजद, कांग्रेस और विशेष रूप से राजद से संपर्क किया, क्योंकि यह वहां सबसे बड़ी क्षेत्रीय पार्टी है। उनके माध्यम से, हमने अपनी चिन्हित सीटों के बारे में कांग्रेस आलाकमान से संपर्क किया, जहाँ हमारे कार्यकर्ता लंबे समय से JDU-भाजपा गठबंधन के खिलाफ लड़ रहे हैं… झारखंड में, हमने 2019 में राजद और कांग्रेस का समर्थन किया। हमने उन्हें अपनी सीटें दीं, हमने केवल राजद को सीटें नहीं दीं। सात सीटों में से, चतरा से केवल एक विजयी उम्मीदवार को पाँच साल के लिए मंत्री बनाया गया… 24 चुनावों के बाद भी, हमने राजद को छह सीटें दीं और उनके एक विजयी उम्मीदवार को वर्तमान मंत्रिमंडल में एक महत्वपूर्ण पद दिया। हमने फैसला किया है कि हम धमदाहा, चकाई, कटोरिया, मनिहारी, जमुई और पीरपैंती से अपने उम्मीदवार उतारेंगे…”
भोजपुरी अभिनेत्री और NDA उम्मीदवार सीमा सिंह का नामांकन रद्द, छपरा के मढ़ौरा सीट से चिराग पासवान ने बनाया था प्रत्याशी
सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि झारखंड मुक्ति मोर्चा बिहार में छह सीटों पर चुनाव लड़ेगी। चकाई, धमदाहा, कटोरिया, पीरपैती, मनिहारी और जमुई में अपने उम्मीदवार उतारने जा रहे है जरूरत पड़ी तो 10 सीटों पर भी उम्मीदवार उतार सकते है। उन्होनें कहा पार्टी ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और गांडेय विधायक कल्पना सोरन समेत 20 स्टार प्रचारकों की सूची चुनाव आयोग को भेज दी है। इस बार बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए और महागठबंधन में विरोधाभाष की स्थिति है।
बिहार विधानसभा चुनाव में हो गया गजब कारनामा, एक ही उम्मीदवार ने दो पार्टियों से किया नामांकन
बिहार विधानसभा चुनाव में JMM द्वारा 6 सीटों पर अकेले चुनाव लड़ने के ऐलान पर JMM नेता मनोज पांडे ने बिहार विधानसभा चुनाव पर कहा, “… वार्ता हुई, हमें भरोसा दिलाया गया कि हमारे जनाधार के अनुसार हमें सीट दी जाएगी लेकिन अंतत: हमें धोखा मिला। कोई सीट बटवारे पर घोषणा नहीं हो पाई और हम लोगों की जो क्षमता थी उसके अनुसार हमें कोई ऑफर भी नहीं दिया गया। अब बहुत विलंब हो चुका है, हम अपने आत्मसम्मान से समझौता नहीं कर सकते। हम शिबू सोरेन की पार्टी हैं, आज हेमंत सोरेन की पहचान क्या है ये किसी से छिपा नहीं है। कहीं न कहीं यह जो (INDIA) गठबंधन है उसमें गांठ पड़ने की शुरूआत हो गई… यदि हमारे साथ इस तरह का व्यवहार होगा तो ये दुखद है, दुर्भाग्यपूर्ण है और हम पूरी क्षमता व ताकत के साथ बिहार चुनाव लड़ेंगे। 6 सीटों पर अभी फैसला हो चुका है… सीटों की संख्या अभी और बढ़ सकती है। आने वाले दिनों में चुनाव के बाद गठबंधन की भी समीक्षा की जा सकती है।”




