झारखंड में पुलिस लाइन में तैनात ड्राइवर ने सल्फास खाकर दी जान, मौत से पहले जारी किया वीडियो, 4 पुलिसकर्मी को बताया जिम्मेदार

झारखंड में पुलिस लाइन में तैनात ड्राइवर ने सल्फास खाकर दी जान, मौत से पहले जारी किया वीडियो, 4 पुलिसकर्मी को बताया जिम्मेदार

डेस्कः झारखंड के कोडरमा में पुलिस लाइन में तैनात ड्राइवर ने सल्फास खाकर जान दे दी है। मृतक की पहचान 42 वर्षीय मंसूर अली के रूप में हुई है। जान देने से पहले उसने थाना प्रभारी सहित चार पुलिसकर्मियों को अपनी मौत के लिए जिम्मेदार बताया था।

झारखंड के चर्च में एक और डकैती, नकाबपोश बदमाशों ने घटना को दिया अंजाम
मंसूर अली ने जहर खाने के बाद बैरक में मौजूद अपने दूसरे साथियों को कॉल कर सल्फास खाने की जानकारी दी। इसके बाद उसके साथी पुलिस लाइन के बैरक में पहुंचे और मंसूर को बिना देरी किये सदर अस्पताल कोडरमा में भर्ती कराया। जवानों ने इसकी सूचना अपने वरीय पदाधिकारियों को भी दी। इधर ,मंसूर की गंभीर स्थिति को देखते हुए उन्हें रिम्स (रांची) रेफर कर दिया गया। जहां ईलाज के दौरान उनकी मौत हो गई।

रांची रिसार्ट में अंधाधुंध फायरिंग, जिला परिषद सदस्य के पति और उसके दोस्तों ने फैलाई दहशत

बता दें कि मंसूर आलम पिछले तीन महीने से निलंबित थे। वे बीते चार महीने में दो बार निलंबित हो चुके थे। मंसूर ने आत्महत्या करने से पूर्व एक वीडियो भी जारी किया था, जिसमें उन्होंने जयनगर थाना प्रभारी बबलू सिंह, डोमचांच थाना प्रभारी ओम प्रकाश यादव,अरविंद हांसदा, साहनी रमेश मरांडी पर झूठे कारणों का हवाला देते हुए निलंबन कराने की बात कही है। मरने से पहले जारी वीडियो में मंसूर अली ने कहा है कि उनकी मौत के जिम्मेवार भी बबलू सिंह व ओम प्रकास यादव ही होंगे।

 

चाईबासा में कोबरा बटालियन के जवान को सांप ने काटा, सर्च ऑपरेशन के दौरान वीरगति को प्राप्त हुए

इधर इन आरोपों के संबंध में मुख्यालय डीएसपी रतिभान सिंह ने कहा कि वे कार्य के दौरान लापरवाही बरतते थे, जिसके कारण ही उनका निलंबन हुआ था। उनके विरुद्ध शिकायत आई थी कि वे शराब के नशे में ड्यूटी करते हैं, जो जांच में सत्य पाया गया था। जिसके कारण उन्हें निलंबित किया गया था। उन्होंने कहा कि फिर भी पुलिस मामले की गहनता से जांच कर रही हैं।

WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now