सिवान: भगवानपुर प्रखंड के मलमलिया गांव में शुक्रवार की शाम करीब 5:30 बजे दो पक्षों के बीच वर्चस्व को लेकर हुए हिंसक संघर्ष में एक पक्ष के तीन लोगों की धारदार हथियार से हत्या कर दी गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत और अफरातफरी का माहौल बन गया। पुलिस को भी विरोध का सामना करना पड़ा।
तीन भाईयों को गोली मारकर हत्या
मृतकों की पहचान मुन्ना सिंह, कन्हैया सिंह और रोहित कुमार के रूप में हुई है। तीनों आपस में भाई बताए जा रहे हैं। घायल करण कुमार का पैर टूट गया है, जबकि रोशन कुमार को इलाज के लिए सिवान सदर अस्पताल रेफर किया गया है।
आक्रोशितों का हंगामा
घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों ने मलमलिया रेलवे ओवरब्रिज और सिवान-मशरख मुख्य सड़क को जाम कर दिया। भीड़ ने घटनास्थल पर खड़ी एक बाइक को आग के हवाले कर दिया और मलमलिया चौक पर भी टायर जलाकर प्रदर्शन किया। पूरे मलमलिया बाजार की दुकानें बंद हो गईं।
पुलिस को खदेड़ा गया
स्थानीय पुलिस जब मौके पर पहुंची तो आक्रोशित लोगों ने उसे खदेड़ दिया। इसके बाद सिवान एसपी मनोज तिवारी और महाराजगंज एसडीपीओ राकेश कुमार रंजन दल-बल के साथ पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। समाचार लिखे जाने तक पुलिस शव को कब्जे में नहीं ले सकी थी और हालात को नियंत्रित करने की कोशिश में जुटी थी।
क्या है पूरा मामला ?
बताया जा रहा है कि मृतक कन्हैया सिंह ने एक दिन पहले ही भगवानपुर थाना में प्राथमिकी दर्ज कराई थी, जिसमें सात लोगों पर जानलेवा हमले और वीडियो बनाकर वायरल करने का आरोप लगाया गया था। मलमलिया बाजार में सामान लेने गए रोशन कुमार के साथ शुक्रवार को कुछ लोगों ने मारपीट की, जिसके बाद विवाद बढ़ गया। इसी दौरान दूसरे पक्ष के लोगों ने धारदार हथियारों से हमला कर तीन की हत्या कर दी।
इस खूनी संघर्ष की जड़ में पंचायत उप मुखिया शत्रुघ्न सिंह और कन्हैया सिंह के परिवारों के बीच लंबे समय से चला आ रहा विवाद बताया जा रहा है। इस पुराने विवाद ने शुक्रवार की शाम हिंसक रूप ले लिया और तीन निर्दोष जानें चली गईं।
तेजस्वी यादव का सरकार पर आरोप
तेजस्वी यादव ने सिवान की घटना पर सरकार को घेरा है । उन्होंने इसे जंगलराज करार दिया ।
1. बिहार में फिर नरसंहार!
सिवान में अपराधियों का कहर बरसा!
2. 6 लोगों को गोली मारी गई, 3 की मौके पर ही मौत हो गई!
शेष अस्पताल में जिंदगी से जंग लड़ रहे हैं।
3. कानून-व्यवस्था पूरी तरह फेल!
गुंडों को न डर है, न रोक!
4. मुख्यमंत्री पूरी तरह अचेत!
प्रशासन मूक दर्शक बना बैठा है।
— Tejashwi Yadav (@_Tejashwi_Yadav) July 4, 2025




