पटनाः बिहार विधानसभा के सदस्य और दरभंगा के अलीनगर से बीजेपी विधायक मिश्री लाल यादव की विधानसभा सदस्यता खत्म हो गई है। दरभंगा के एमपी-एमएलए कोर्ट मारपीट के 6 साल पुराने मामले में मिश्री लाल यादव और सुरेश यादव को दोषी ठहराते हुए दो साल की सजा सुनाई थी।
BJP विधायक मिश्रा लाल यादव को जान से मारने की धमकी मामले में दो साल की सजा, जा सकती है विधानसभा सदस्यता
मिश्री लाल यादव 2020 के विधानसभा चुनाव में मुकेश सहनी के वीआईपी पार्टी से चुनाव जीतकर आये थे उसके बाद वो मुकेश सहनी का साथ छोड़कर बीजेपी में शामिल हो गए थे। आपको बता दें कि, दरभंगा स्थित एमपी-एमएलए कोर्ट ने 27 मई को एक आपराधिक मामले में बड़ा फैसला सुनाया था। अलीनगर से भाजपा विधायक मिश्री लाल यादव और सुरेश यादव को कोर्ट ने दोषी ठहराया था। दोनों को भारतीय दंड संहिता की धारा 506 के तहत दो-दो साल की सजा सुनाई गई थी। साथ ही एक-एक लाख रुपये का जुर्माना भी लगाया गया था। यह फैसला 2019 में दर्ज एक मारपीट और लूटपाट के मामले के तहत आया। कोर्ट के निर्णय के बाद सत्ताधारी गठबंधन भाजपा विधायक की सदस्यता समाप्त कर दी गई है।



