झारखंड में कृषि क्षेत्र में 26.04 प्रतिशत की रिकॉर्ड वृद्धि दर

 

जीएसडीपी में गिरावट को कृषि विभाग की बढ़ोत्तरी को पाटने का काम किया
रांची। झारखंड में कृषि और संबंद्ध क्षेत्र में वर्ष 2020-21 में रिकॉर्ड 26.04 प्रतिशत वृद्धि दर रिकॉर्ड की गयी। कोरोना संक्रमण काल में जब राज्य का जीएसडीपी (सकल राज्य घरेलू उत्पादन) घटकर माइंस 4.96 प्रतिशत हो गया, यदि कृषि और संबंद्ध क्षेत्र का सकल राज्य मूल्य संवर्धन (जीएसवीए) का ग्रोथ रेट 26.04प्रतिशत नहीं रहता था तो स्थितियां और खराब हो सकती थी। साथ ही जो जीएसडीपी वर्ष 2020-21 में माइंस 4.96 प्रतिशत रहा, उसमें और भी गिरावट दर्ज हो सकती थी।
आर्थिक सर्वेक्षण 2021-22 के अनुसार राज्य में कृषि एवं संबंद्ध क्षेत्रों का जीएसवीए 58 करोड़ 145 करोड़ रूपये पहुंच गया है, जो वर्ष 2016-17 में सिर्फ 40332 करोड़ रुपये का था। वर्ष 2016-17 में भी कृषि एवं सबंद्ध क्षेत्रों का ग्रोथ रेट 23.42 प्रतिशत था, लेकिन बाद के वर्षाें में इसमें गिरावट दर्ज की गयी और वर्ष 2017-18 में यह घटकर 2.21 हो गया, 2018-19 में माइंस 6.77प्रतिशत और 2019-20 में माइंस 9.51 प्रतिशत हो गया। लेकिन इस वर्ष इसमें अप्रत्याशित रूप से 26.04 प्रतिशत की बढ़ोत्तरी दी गयी है। दूसरी ओर कोरोना संक्रमण और अन्य कारणों से पिछले दो वर्षाें से राज्य के जीएसडीपी में लगातार गिरावट देखी गयी है। वर्ष 2018-19 में राज्य की जीएसडीपी जहां 10.22 प्रतिशत था, वहीं कोरोना महामारी की पहली लहर में वर्ष 2019-20 में यह गिरकर 2.41 प्रतिशत हो गया और वर्ष 2020-21 में यह माइंस 4.95 प्रतिशत हो गया।
इधर, राज्य सरकार की ओर से इस वर्ष किसान कर्ज माफी योजना सहित 11 योजनाओं पर एक्शन टेकेन रिपोर्ट की प्रति भी विधानसभा पटल पर रखी गयी है। विशेष इसे कृषि विभाग की उम्दा कार्य संस्कृति का द्योतक मान रहे हैं।

WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now