लोहरदगा: रांची रेंज के डीआईजी अनूप बिरथरे शुक्रवार को लोहरदगा पहुंचे। उन्होने पांच जून की रात लोहरदगा एसपी आवास के पीछे किराए के मकान में रहने वाले जिला पुलिस बल के जवान अनंत सिंह मुंडा द्वारा सहायक अवर निरीक्षक धर्मेंद्र सिंह की गोली मारकर हत्या करने की घटना को लेकर लोहरदगा में रांची रेंज के डीआईजी अनूप बिरथरे ने जांच की है। इस दौरान डीआईजी घटनास्थल पर पहुंचे। उनके साथ लोहरदगा एसपी हारिस बिन जमां और पुलिस के अन्य पदाधिकारी भी थे। डीआईजी ने घटनास्थल की जांच करते हुए घटना के समय मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों और अन्य लोगों से पूछताछ की है। उन्होंने पूरे घटनाक्रम को समझने की कोशिश की। इसके अलावा इस घटना के पीछे के कारणों और परिस्थिति की पड़ताल भी की है। डीआईजी ने पुलिस पदाधिकारी और जांच टीम में शामिल अधिकारियों को कई जरूरी निर्देश दिए। डीआईजी गोली कांड की जांच के बाद लोहरदगा एसपी कार्यालय पहुंचे। जहां पर एसपी हारिस बिन जमां ने डीआईजी को बुके देकर उनका स्वागत किया। डीआईजी ने लोहरदगा एसपी हारिस बिन जमां के साथ बैठक करते हुए पूरे घटनाक्रम पर चर्चा की। इस दौरान डीआईजी ने एसपी को कई निर्देश दिए हैं। पूरे मामले को लेकर निष्पक्ष जांच के साथ-साथ हर एक गवाह की बारीकी से बयान, घटना के समय मौजूद पुलिसकर्मियों और आरोपित पुलिसकर्मी की पत्नी सहित अन्य गवाहों की गवाही को बेहतर ढंग से अंकित करने के साथ-साथ जांच को लेकर भी निर्देश दिए हैं। मामले में डीआईजी अनूप बिरथरे का कहना है कि वह विगत 5-6 जून की रात लोहरदगा में एक पुलिस के जवान द्वारा एएसआई की गोली मारकर की गई हत्या की घटना की जांच के लिए आए थे। यहां पर उन्होंने घटनास्थल पर पहुंचकर मामले की जांच की। साथ ही कई लोगों से पूछताछ भी की। इस घटना की बारीकी से जांच और एफएसएल की टीम के माध्यम से जांच को लेकर भी निर्देश दिए गए हैं। डीआईजी ने कहा कि इस घटना में बलिदान हुए एएसआई के परिवार को प्रावधान के अनुसार सहायता उपलब्ध कराई जाएगी। साथ ही अनुकंपा के आधार पर नौकरी सहित अन्य सुविधाएं प्रदान की जाएगी। बलिदान एएसआई के परिवार के साथ पुलिस परिवार हमेशा खड़ी है। उनके यहां आने का उद्देश्य जांच को लेकर रिपोर्ट तैयार करते हुए पुलिस मुख्यालय को भेजना है। इधर बेहद गोपनीय ढंग से डीआईजी ने घटनास्थल पर कई अहम बिंदुओं को लेकर जांच करते हुए पुलिस पदाधिकारी को निर्देश दिए हैं।



