हजारीबागः जिला की एक शिक्षिका और रसोईया के बीच मारपीट का मामला चर्चा का विषय बना हुआ है। दोनों के बीच सिर्फ चार केले को लेकर हुई मारपीट का मामला अब थाना पहुंच गया है। घटना उत्क्रमिक उच्च विद्यालय सिंदूर का है। शिक्षा विभाग ने इस मामले की जांच के लिए कमेटी बना दी है।
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हजारीबाग में शिक्षिका और रसोईया महज 4 केले के बंटवारे को लेकर आपस में भिड़ गईं। स्थिति ऐसी हो गई कि यह मामला थाने पहुंच गया। शिक्षा विभाग मामले की जांच कर रहा है। दरअसल, सिंदूर स्थित उत्क्रमित उच्च विद्यालय में सेंट्रल किचन के जरिए मिड डे मील का भोजन पहुंचता है। सेंट्रल किचन अक्षय पात्र की ओर से संचालित है। रसोईया सिर्फ मिले हुए भोजन को वितरित करते हैं और पूरक पोषक आहार देते हैं।
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केले के बंटवारे को लेकर शिक्षिका औऱ रसोइया आमने सामने
पूरक पोषक आहार मे फल या अंडा खाद्य सामग्री बच्चों को दिया जाता है। यह झगड़ा दो दिनों से चल रहा है। लड़ाई का एकमात्र कारण बचे हुए केले का बंटवारा रहा। दो दिन पहले कुछ केले के बंटवारे को लेकर शिक्षिका और रसोईया में झंझट हुआ था। दूसरे दिन भी केले के बंटवारे को लेकर शिक्षक और रसोइया में अनबन हुई थी। मामला मारपीट तक पहुंच गया था। शिक्षिका और रसोईया दोनों ने थाने में आवेदन दिया है। थाना प्रभारी अजीत कुमार ने इसकी पुष्टि भी की है।
शिक्षा विभाग ने बनाई जांच कमेटी
मामले की गंभीरता और शहर में चर्चा को देखते हुए शिक्षा विभाग ने जांच कमेटी भी बना दी है।प्रखंड शिक्षा प्रसार पदाधिकारी को जांच पदाधिकारी बनाया गया है। जिला शिक्षा अधीक्षक आकाश कुमार ने जांच कमेटी बनाई है। जिला शिक्षा अधीक्षक आकाश कुमार ने इसकी पुष्टि करते हुए कहा कि जांच पड़ताल के बाद ही कुछ टिप्पणी की जाएगी।
जानकारी के अनुसार, शिक्षका और रसोईया के बीच समझौता होने की सूचना भी मिली है। गांव के लोगों ने शिक्षिका और रसोईया को समझौता करने की सलाह दी और मामले का पटाक्षेप करने की बात कही है।









