डेस्कः बिहार के बक्सर जिले से संवदेनशील और बेहद ही हैरान करने वाला मामाला सामने आया है। डेढ़ साल की बच्ची में यौनजनित रोग का पता चला है, जिससे डॉक्टर और पुलिस हैरान हैं। एम्स की जांच में सामने आया कि यह बीमारी पुरुष संसर्ग से होती है, और बच्ची के पिता भी इसी से ग्रसित पाए गए। पुलिस ने एफआईआर की प्रक्रिया की जा रही है। हालांकि, बच्ची की मां पिता को दोषी मानने से इनकार कर रही है, जिससे मामला पेचीदा हो गया है।
पटना में NEET छात्रा की मौत मामले में पोस्टमार्टम रिपोर्ट आई सामने, मौत से पहले शरीर में चोटें, प्राइवेट पार्ट में गहरी चोट का दावा
बच्ची के प्राइवेट पार्ट पर ऐसे यौन रोग के लक्षण मिले हैं, जो आमतौर पर संक्रमित पुरुष के संपर्क में आने से महिलाओं में पाया जाता है। इस घटना ने डॉक्टरों से लेकर पुलिस प्रशासन तक को चिंता में डाल दिया है। पटना एम्स की मेडिकल रिपोर्ट के आधार पर पुलिस ने विधिसम्मत कार्रवाई शुरू कर दी है और महिला थाना में प्राथमिकी दर्ज कर गहन जांच की जा रही है। मामले की जानकारी तब सामने आई जब बच्ची की मां ने शौच साफ करने के दौरान बच्ची के निजी अंगों में असामान्य लक्षण देखे।
संदिग्ध आतंकी ने धर्म बदलने के लिए युवती को धमकाया था, रांची के NIA कोर्ट ने खारिज की जमानत याचिका
मां को सफाई के दौरान दिखे लक्षण
जानकारी के अनुसार, कृष्णाब्रह्म थाना क्षेत्र की रहने वाली बच्ची की मां ने शौच साफ करने के दौरान उसके प्राइवेट पार्ट पर दाने देखे। जब स्थिति सामान्य नहीं लगी तो उसने इसकी जानकारी बच्ची के पिता को दी। इसके बाद दोनों बच्ची को स्थानीय डॉक्टर के पास लेकर पहुंचे।
संक्रमित पुरुष के संपर्क में आने से होता है इंफेक्शन: एम्स पटना के डॉक्टरों के अनुसार बच्ची में जिस प्रकार के संक्रमण के लक्षण पाए गए हैं, वह सामान्यतः संक्रमित पुरुष के संपर्क में आने से महिलाओं में देखा जाता है। इतनी कम उम्र की बच्ची में इस तरह के संक्रमण का पाया जाना चिकित्सकीय दृष्टि से असामान्य माना जा रहा है। यही कारण है कि एम्स के डॉक्टर भी इस मामले को लेकर हैरान हैं और इसे गंभीर मानते हुए प्रशासन को रिपोर्ट भेजी गई।
साधू के श्राप से घर में लग रही रोजाना आग! गयाजी में अजीबोगरीब घटना बना चर्चा का विषय
पिता भी उसी रोग से ग्रसित: जांच के दौरान यह भी सामने आया है कि बच्ची के पिता में भी उसी प्रकार के संक्रमण की पुष्टि हुई है। हालांकि, इस बिंदु को जांच का हिस्सा माना जा रहा है और पुलिस किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी पहलुओं की जांच कर रही है। महिला थानाध्यक्ष प्रतिभा कुमारी के अनुसार, बच्ची की मां ने पिता पर आरोप लगाने से इनकार किया है। फिलहाल मामले की गहन जांच जारी है।
7 जनवरी को मामला आया सामने: विशेषज्ञों का कहना है कि इस तरह के मामलों में प्रत्यक्ष निष्कर्ष निकालने के बजाय मेडिकल, सामाजिक और पारिवारिक सभी पहलुओं की वैज्ञानिक जांच आवश्यक होती है। इस मामले की सूचना 7 जनवरी को चाइल्ड हेल्पलाइन के टोल फ्री नंबर 1098 पर दी गई थी। चाइल्ड हेल्पलाइन के माध्यम से यह सूचना बक्सर पुलिस तक पहुंची।
क्या होता है STI?: यह एक संक्रमण होता है जो मुख्य रूप से असुरक्षित यौन संपर्क के जरिए एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलता है। इसे पहले यौन संचारित रोग यानी कि STD कहा जाता था। ये संक्रमण बैक्टिरिया, वायरस या परिजीवियों के कारण होता है।संक्रमित मां से गर्भावस्था, प्रसव या स्तनपान के दौरान भी ये बच्चे को हो सकता है।




