लोहरदगाः जिले के सिठियो क्षेत्र स्थित कोयल नदी तट पर स्वयंभू महादेव के प्रकट होने की खबर के बाद क्षेत्र में धार्मिक आस्था का अद्भुत दृश्य देखने को मिल रहा है। स्वयंभू महादेव के दर्शन एवं पूजन के लिए लोहरदगा, गुमला, रांची सहित आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में शिव भक्त लगातार पहुंच रहे हैं। नदी तट “हर-हर महादेव” के जयघोष से भक्तिमय बना हुआ है।

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इसी बीच प्रकट शिवलिंग के खंडित होने की सूचना सामने आने से शिव भक्तों में भारी आक्रोश फैल गया। आस्था पर हुए इस कथित प्रहार से नाराज श्रद्धालुओं ने रांची–लोहरदगा मुख्य पथ को जाम कर विरोध प्रदर्शन किया, जिससे घंटों यातायात बाधित रहा। सूचना मिलने पर प्रशासन एवं पुलिस बल मौके पर पहुंचा और स्थिति को नियंत्रित किया।
घटना पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए राम लखन प्रसाद साहू, पूर्व जिला परिषद सदस्य ने कहा कि स्वयंभू महादेव का प्रकट होना पूरे क्षेत्र के लिए आस्था और विश्वास का विषय है, लेकिन शिवलिंग को खंडित किया जाना अत्यंत निंदनीय है। उन्होंने प्रशासन से दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी और धार्मिक स्थल की स्थायी सुरक्षा व्यवस्था की मांग की।

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वहीं रितेश कुमार, अध्यक्ष – विश्व हिंदू परिषद ने इस घटना की कड़ी निंदा करते हुए कहा कि यह हिंदू समाज की आस्था को ठेस पहुंचाने का गंभीर प्रयास है। उन्होंने प्रशासन से असामाजिक तत्वों को अविलंब गिरफ्तार कर कठोर कार्रवाई करने तथा पवित्र स्थल को संरक्षित कर पर्याप्त सुरक्षा व्यवस्था उपलब्ध कराने की मांग की।बताया जा रहा है कि खंडित शिवलिंग के ठीक उत्तर दिशा में कोयल नदी के भीतर दो छोटे-छोटे शिवलिंग अब भी जलमग्न अवस्था में मौजूद हैं। एक ही स्थान पर एक से अधिक शिवलिंग पाए जाने से शिव भक्तों में विशेष उत्साह और उल्लास देखा जा रहा है।फिलहाल जिला प्रशासन पूरे मामले की जांच में जुटा है तथा क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए सुरक्षा व्यवस्था बढ़ा दी गई है।





