बिहार में महिलाओं को 35 % आरक्षण का एलान, चुनाव से पहले नीतीश सरकार का मास्टरस्ट्रोक

बिहार में महिलाओं को जल्द मिलेगी 2 लाख रुपये की सहायता, लेकिन मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने रख दी ये शर्त

पटनाः बिहार के विधानसभा चुनाव अक्टूबर-नवंबर में होना है, उससे पहले नीतीश कुमार की सरकार ने बड़ा मास्टरस्ट्रोक खेला है। सरकारी सेवाओं में मूल निवासी महिलाओं को 35 प्रतिशत आरक्षण देने का फैसला नीतीश कुमार की सरकार ने किया है।इसके साथ ही सरकार ने बिहार में युवा आयोग को भी मंजूरी दे दी है।नीतीश कुमार ने घोषणा की है कि बिहार राज्य की मूल निवासी महिलाओं को अब राज्य की सभी सरकारी सेवाओं, संवर्गों और सभी स्तरों के पदों पर सीधी नियुक्ति में 35% आरक्षण दिया जाएगा। यह आरक्षण सभी प्रकार की सरकारी नौकरियों पर लागू होगा।

आदिवासी परिवार के 5 लोगों की हत्या पर राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग ने मांगी बिहार सरकार से रिपोर्ट, मामले में तीन गिरफ्तार

मंगलवार को मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में 43 प्रस्तावों पर मुहर लगी। जिसमें महिलाओं को आरक्षण और युवा आयोग का गठन बहुत महत्वपूर्ण माना जा रहा है। मुख्यमंत्री ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर लिखा है कि मुझे यह बताते हुए प्रसन्नता हो रही है कि बिहार के युवाओं को अधिक से अधिक रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने, उन्हें प्रशिक्षित करने तथा सशक्त और सक्षम बनाने के उद्देश्य से राज्य सरकार ने बिहार युवा आयोग के गठन का निर्णय लिया है और आज कैबिनेट द्वारा बिहार युवा आयोग के गठन की मंजूरी भी दे दी गई है। समाज में युवाओं की स्थिति में सुधार और उत्थान से संबंधित सभी मामलों पर सरकार को सलाह देने में इस आयोग की महत्वपूर्ण भूमिका होगी। युवाओं को बेहतर शिक्षा और रोजगार सुनिश्चित करने के लिए सरकारी विभागों के साथ यह आयोग समन्वय भी करेगा।

See also  सोना नहीं खरीदें,पेट्रोल-डीजल का कम इस्तेमाल,जंग का असर कम करने के लिए PM मोदी के बड़े मंत्र

गोपाल खेमका हत्याकांडः पुलिस और अपराधी के बीच मुठभेड़,एनकाउंटर में हथियार सप्लायर ढेर
बिहार युवा आयोग में एक अध्यक्ष, दो उपाध्यक्ष और सात सदस्य होंगे, जिनकी अधिकतम उम्र सीमा 45 वर्ष होगी। यह आयोग इस बात की निगरानी करेगा कि राज्य के स्थानीय युवाओं को राज्य के भीतर निजी क्षेत्र के रोजगारों में प्राथमिकता मिले, साथ ही राज्य के बाहर अध्ययन करने वाले और काम करने वाले युवाओं के हितों की भी रक्षा हो। सामाजिक बुराइयों को बढ़ावा देने वाले शराब एवं अन्य मादक पदार्थों की रोकथाम के लिए कार्यक्रम तैयार कर और ऐसे मामलों में सरकार को अनुशंसा भेजना भी इसका महत्वपूर्ण कार्य होगा। राज्य सरकार की इस दूरदर्शी पहल का उद्देश्य है कि इस आयोग के माध्यम से युवा आत्मनिर्भर, दक्ष और रोजगारोन्मुखी बनें ताकि उनका भविष्य सुरक्षित हो।


देखिये कैबिनेट के लिये गए फैसले

See also  बिहार के सारण में भीषण हादसा, देवघर से लौट रहे श्रद्धालुओं से भरी बोलेरो की ट्रक से टक्कर

1 32 334 25 1678

WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now