निजी अस्पतालों में टीएमएच, टाटा मोटर्स अस्पताल और टीसीआईएल का प्रदर्शन अच्छा
रांची। झारखंड में निजी अस्पतालों के लिए रक्त संग्रह करना जरूरी है, लेकिन अधिकांश प्राइवेट अस्पताल इसकी अनदेखी कर रहे है। जबकि रक्तदान शिविर लगाने में निजी अस्पतालों में टाटा मेन हॉस्पिटल, टाटा मोटर्स अस्पताल तथा टीसीआईएल का प्रदर्शन अच्दा रहा है।
स्वास्थ्य विभाग से मिली जानकारी के अनुसार 20नवंबर 2011 को जारी आदेश के अनुसार प्रत्येक निजी अस्पतालों द्वारा अपने मरीजों के लिए रक्तदान की मांग के अनुसार रक्त शिविरों का आयोजन कर संलग्न रक्त केंद्र के सहयोग से रक्त संग्रह नियमित रूप से करना अनिवार्य होगा। साथ ही निजी अस्पतालों द्वारा अगर रक्तदान शिविर नहीं लगाया जाता है, तो कालांतर में अस्पताल को रक्त नहीं देने संबंधी भी निर्णय पर विचार किया जा सकता हैं। विभाग से मिली जानकारी के अनुसार नेशनल ब्लड ट्रांसयूशन कौंसिल और स्टेटल ब्लड ट्रांसयूशन कौंसिल के निर्णय के अनुसार मरीजों को बिना रिप्लेसमेंट ब्लड उपलब्ध कराने के लिए निजी अस्पतालों को प्रोत्साहित किया जा रहा है, ताकि अस्पताल में भर्ती मरीजों को तत्काल रक्त उपलब्ध कराया जा सके।
स्वैच्छिक रक्तदान को बढ़ावा देने तथा रक्त संग्रह बढ़ाने की दिशा में किये जा रहे प्रयास के क्रम में राज्य सरकार द्वारा लिये गये निर्णय अनुपालन में अस्पतालों द्वारा तथा संस्थाओं को अधिक से अधिक रक्तदान शिविर आयोजित करने के लिए प्रोत्साति किया जा रहा है, ताकि आवश्यकतानुसार मरीजों को संबंधित अस्पताल के द्वारा रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करायी जा सके। इसके अलावा विभिन्न अस्पतालों द्वारा रक्त केंद्र से रक्त प्राप्त कर मरीजों की चिकित्सा के लिए उपलब्ध कराया जा रहा है। आयुष्मान भारत, मुख्यमंत्री जन आरोग्य योजना के अधीन निजी अस्पतालों-नर्सिंग होम में चिकित्साधीन मरीजों के उपचार के लिए सरकारी रक्त केंद्र से निःशुल्क रक्त उपलब्ध कराने की व्यवस्था की गयी हैं।
बताया गया है कि रक्तदान शिविर आयोजित करने में टाटा मेन हॉस्पिटल, टाटा मोटर्स हॉस्पिटल और टीसीआईएल ही अव्वल हैं। टाटा मोटर्स अस्पताल ने नवंबर से जनवरी महीने में शिविर लगाकर 3152 यूनिट ब्लड संग्रह किया, जबकि टीएमएच ने 1255 और टीसीआईएल ने 441 ब्लड यूनिट संग्रह किया। वहीं सदर अस्पताल सरायकेला ब्लड सेंटर द्वारा भी 525 यूनिट ब्लड का संग्रह किया गया। इसके अन्य अस्पतालों में यह आंकड़ा तीन अंकों में नहीं पहुंच सका। रांची के देवकमल अस्पताल में इस अवधि में 26 यूनिट, रिंची ट्रस्ट ने 41, राज अस्पताल ने 52, सेवा सदन ने 27, ऑर्चिड ने 15, स्वराज हेल्थकेयर ने 11, रिम्स ने 15, हरमू हॉस्पिटल ने 23, पल्स ने 10 यूनिट रक्त संग्रह किया।


