Old Pension Scheme: केंद्र सरकार ने यूनिफाइड पेंशन स्कीम (UPS) के तहत आने वाले कर्मचारियों को बड़ी राहत दी है। अब इन्हें भी रिटायरमेंट और डेथ ग्रैच्युटी का लाभ उसी तरह मिलेगा जैसा कि पुराने पेंशन सिस्टम (OPS) के अंतर्गत मिलता है। यह जानकारी केंद्रीय मंत्री डॉ. जितेन्द्र सिंह ने दी। कर्मचारियों के द्वारा लंबे समय से इसकी मांग की जा रही थी।
सरकार के फैसले से लाखों कर्मचारियों को राहत मिलेगी और पेंशन संबंधी असमानता दूर होगी। केंद्रीय कार्मिक राज्य मंत्री डॉ. जितेंद्र सिंह ने इस संदर्भ में कहा कि नया प्रावधान कर्मचारियों की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करता है और राष्ट्रीय पेंशन प्रणाली (एनपीएस) के तहत सभी श्रेणियों के कर्मचारियों के लिए सामाजिक सुरक्षा सुनिश्चित करने की केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
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केंद्रीय मंत्री ने कहा कि कहा कि यूपीएस के तहत यह लाभ केंद्रीय सिविल सेवा (एनपीएस के तहत ग्रैच्युटी का भुगतान) नियम, 2021 के प्रावधानों के अनुरूप दिया जाएगा। बुधवार को इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया।
वित्त मंत्रालय ने 24 जनवरी को जारी अधिसूचना में कहा था कि एक अप्रैल, 2025 से केंद्र की सिविल सेवा में भर्ती होने वाले कर्मचारियों के लिए एनपीएस के तहत एक विकल्प के रूप में यूपीएस की शुरुआत होगी।
कार्मिक, लोक शिकायत एवं पेंशन मंत्रालय के अधीन पेंशन और पेंशनभोगी कल्याण विभाग द्वारा जारी आदेश में स्पष्ट किया गया है कि UPS के तहत आने वाले कर्मचारियों को Central Civil Service (Payment of Gratuity under National Pension System) Rules, 2021 के अंतर्गत रिटायरमेंट और मृत्यु ग्रैच्युटी का लाभ मिलेगा।
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यह बदलाव उन कर्मचारियों को भी प्रोत्साहित करेगा जो अभी नेशनल पेंशन स्कीम (NPS) के अंतर्गत हैं और UPS का विकल्प चुनना चाहते हैं। UPS योजना में यह प्रावधान है कि जिन कर्मचारियों ने कम से कम 25 वर्ष की सेवा पूरी कर ली है, उन्हें उनकी रिटायरमें से पूर्व 12 महीनों के औसत मूल वेतन का 50% पेंशन के रूप में सुनिश्चित किया जाएगा।
इसके अलावा, जिन कर्मचारियों ने न्यूनतम 10 वर्षों की सेवा की है उन्हें रिटारमेंट के बाद कम-से-कम 10,000 मासिक पेंशन का प्रावधान मिलेगा। यदि किसी पेंशनधारी की मृत्यु होती है तो उसके परिवार को अंतिम पेंशन का 60% पारिवारिक पेंशन के रूप में दिया जाएगा।




