बोकारो में मृतक के परिजनों को मिला 50 लाख मुआवजा, श्वेता सिंह DC पर भड़की, ढुलू ने कहा किसी को नहीं करने दिया जाएगा बाहरी भीतरी

बोकारो में मृतक के परिजनों को मिला 50 लाख मुआवजा, श्वेता सिंह DC पर भड़की, ढुलू ने कहा किसी को नहीं करने दिया जाएगा बाहरी भीतरी

बोकारोः बीएसएल में नियोजन को लेकर विस्थापितों का आंदोलन शनिवार को खत्म हुआ। धनबाद सांसद ढुलू महतो की मौजूदगी में लाठीचार्ज के दौरान मारे गये विस्थापित युवक प्रेम महतो के परिजनों को 50 लाख रुपया मुआवजा दिया गया। इसके साथ ही मृतक के भाई को बीएसएल के आउटसोर्सिंग कंपनी जी आर इंटरप्राइजेज में नियुक्ति दी गई।

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इस मौके पर मौजूद धनबाद से बीजेपी सांसद ढुलू महतो ने कहा कि अभी मृतक के आश्रित को 25 से 30 हजार रुपया की अस्थायी प्रकृति की नौकरी दी गई है। बाद में स्थायी नियोजन के लिए कॉरपोरेट ऑफिस में अग्रसरित की जाएगी। तमाम अप्रेंटिसशिप करने वाले विस्थापित युवाओं को पहले नियोजन फिर स्थायी नियोजन की दिशा में पहल होगी। ढुलू महतो ने पिछले दो दिनों में जयराम महतो और श्वेता सिंह के द्वारा विस्थापितों को लेकर प्रदर्शन की अगुवाई करने को लेकर कहा कि यहां किसी को बाहरी भीतरी नहीं करने दिया जाएगा, बोकारो का माहौल किसी को खराब नहीं करने दिया जाएगा। मै सबके साथ और सबके लिए खड़ा रहूंगा।

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लाठीचार्ज में मृतक के परिजनों को मुआवजा मिलने के बाद भी मामला शांत नहीं हुआ। बोकारो से कांग्रेस विधायक श्वेता सिंह को जब पुलिस ने रिहा किया तो वो जिले के अधिकारियों पर बरस पड़ी। शुक्रवार रात अपनी गिरफ्तारी और मुआवजा देकर आंदोलन को उनके गैर मौजूदगी में खत्म करने से नाराज श्वेता सिंह बोकारो के उपायुक्त जाधव विजया नारायण राव पर बिना नाम लिये पूरी तरह भड़क गई।

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श्वेता सिंह ने कहा कि बीएसएल की दलाली करने के लिए हमारे यहां लोग बैठे हुए है। इन लोगों को लगता है कि इससे हमको डरा देगा। डीसी ऑफिस से हम बोलकर निकले थे कि जो भी होगा हमको एकबार बात कीजियेगा, आप हमको कैसे उठा लीजियेगा। जो लोग शहर में उत्पात मचा रहा था उसको आपने उठाया नहीं, जो उत्पात कर रहा था कौन भीतर गया। हम क्या कर रहे थे हम तो बीएसएल को गेट बंद कर रहे थे, आप हमको किस लिये उठाये। 63 हटे न कितना दिन 63 लगाकर रखियेगा। 63 से हमको डराते है आपलोग। बिना बात किये हमको बंद करके रख दिये, आप हमसे बात क्यों नहीं किये। बिना बात किये हमको क्यों बंद किये। कौन है हम आतंकवादी है हम, हमारे झारखंड के शहर में आप लोग मुखबिरी कर रहे है केंद्र का, उखाड़ के सबको फेंक देंगे।

 

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