ED ने मल्टी लेबल मार्केटिंग घोटाले में चंद्रभूषण और प्रियंका सिंह को किया गिरफ्तार ,307 करोड़ के घोटाला मामले में पति-पत्नी से पूछताछ

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December 17, 2025

ED ने मल्टी लेबल मार्केटिंग घोटाले में चंद्रभूषण सिंह और प्रियंका सिंह को किया गिरफ्तार ,307 करोड़ के घोटाला मामले में पति-पत्नी से पूछताछ

रांचीः ईडी ने मल्टी लेबल मार्केटिंग घोटाले में चंद्रभूषण सिंह और उसकी पत्नी प्रियंका सिंह को गिरफ्तार किया था। झारखंड, बिहार,कर्नाटक, असम समेत कई राज्यों से इन दोनों ने 307 करोड़ आम लोगों से वसूले। इन पैसों को 21 बैंक खातों में जमा कराया। तीन साल तक पति पत्नी फरार रहे। इस दौरान चंद्रभूषण ने दीपक सिंह समेत अन्य फर्जी नामों से सारे पैसों का निवेश रियल एस्टेट में किया। चंद्रभूषण सिंह से ईडी पूछताछ की।

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ईडी के द्वारा जारी किए गए प्रेस रिलीज में बताया गया है कि प्रवर्तन निदेशालय (ईडी), रांची जोनल कार्यालय ने चंदर भूषण सिंह और उनकी पत्नी प्रियांका, निदेशक, एम/एस मैक्सिजोन टच प्रा. लि. को मनी लॉन्ड्रिंग निवारण अधिनियम (पीएमएलए), 2002 के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया। आरोपियों को सार्वजनिक धन के दुरुपयोग से जुड़े एक बड़े वित्तीय धोखाधड़ी मामले में गिरफ्तार किया गया।

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पीएमएलए के तहत जांच से खुलासा हुआ है कि आरोपियों ने एक धोखाधड़ीपूर्ण मल्टी-लेवल मार्केटिंग (एमएलएम) योजना चलाई, जिसमें आम जनता को हर महीने उंचे रिटर्न और आकर्षक संदर्भ लाभों का लालच दिया गया। इस तरीके से उन्होंने 21 से अधिक बैंक खातों में लगभग 307 करोड़ रुपये की अवैध जमा राशि एकत्रित की, जिससे अपराध से अर्जित धन (पीओसी) उत्पन्न हुआ.आगे यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी निदेशक चंदर भूषण सिंह और प्रियांका सिंह ऊपरोल्लिखित सार्वजनिक धन के साथ फरार हो गए। पिछले तीन वर्षों से वे झारखंड, राजस्थान और असम पुलिस सहित कानून प्रवर्तन एजेंसियों से जानबूझकर बचते रहे हैं।

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ईडी के अनुसार जांच से संकेत मिला है कि आरोपियों ने विभिन्न रियल एस्टेट संपत्तियां बेनामी लेनदेन के माध्यम से हासिल कर और उन्हें नकद में बदलकर अवैध धन को सफेद किया। अपनी पहचान छिपाने और गिरफ्तारी से बचने के लिए आरोपियों ने नकली पहचान दस्तावेजों का उपयोग किया, जिसमें दीपक सिंह जैसे छद्म नाम का प्रयोग तथा बार-बार अपना ठिकाना बदलना शामिल है।

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ईडी ने अपनी जांच की शुरुआत झारखंड, बिहार, उत्तर प्रदेश, राजस्थान और कर्नाटक में कंपनी व उसके निदेशकों द्वारा जनता को ठगने के संबंध में पुलिस अधिकारियों द्वारा दर्ज कई प्रथम सूचना रिपोर्टों (एफआईआर) के आधार पर की। ईडी ने इस मामले में 16.09.2025 और 03.12.2025 को दिल्ली, नोएडा, गाजियाबाद, वैशाली (बिहार), मेरठ, रांची और देहरादून स्थित कई परिसरों में तलाशी अभियान भी चलाए। तलाशी कार्रवाई पीएमएलए, 2002 की धारा 17 के प्रावधानों के अंतर्गत की गई।

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तलाशी के दौरान ईडी ने नकली पहचान पत्र, हस्तलिखित नोट्स और डायरियां बरामद कीं, जिनमें महत्वपूर्ण वित्तीय लेनदेन और नकद लेनदेन का विवरण था। कुल मिलाकर लगभग 10 लाख रुपये से अधिक की नकदी, सहयोगियों की सूची, विभिन्न संस्थाओं की खाता पुस्तिकाएं, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जैसे लैपटॉप और मोबाइल फोन, 15000 अमेरिकी डॉलर मूल्य की क्रिप्टो करेंसी तथा कई रियल एस्टेट संपत्तियों से संबंधित दस्तावेज और समझौते जब्त किए। आरोपी चंदर भूषण सिंह को विशेष न्यायालय (पीएमएलए) रांची के आदेशानुसार 05 दिन की ईडी हिरासत में भेज दिया गया है।

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