रांचीः गैंगस्टर प्रिंस खान पाकिस्तान में रहकर लगातार कारोबारियों को धमकी दे रहा है। उसका खुद का गिरोह लगभग खत्म हो चुका है, लेकिन वह सुजीत सिन्हा, राहुल सिंह और राहुल दुबे गैंग से जुड़े अपराधियों का इस्तेमाल कर रंगदारी मांग रहा है। मिली जानकारी के अनुसार, प्रिंस खान ने व्हाट्सएप मैसेज और कॉल रिकार्डिंग भेजकर सीसीएल की चंद्रगुप्त परियोजना में कार्यरत सुसी कंपनी के अधिकारी आरएस यादव को भी धमकी दी है। आरएस यादव चतरा के टंडवा में रहते हैं, जबकि चंद्रगुप्त परियोजना हजारीबाग के केरेडारी में स्थित है।
भेजे गये मैसेज और कॉल रिकॉर्डिंग में प्रिंस खान खुद को दुबई से बोलने की बात कह रहा है। उसने कहा है कि वह और कुबेर मिलकर कोयलांचल में शांति सेना चलाते हैं। उसने आरएस यादव से कहा है कि कंपनी मालिक से बात कर 24 घंटे में जवाब दें, अन्यथा गोली और बम से हमला कराया जायेगा। उसने यह भी धमकी दी है कि यदि 15 जून तक एक करोड़ रुपये एडवांस और हर माह 10 लाख रुपये नहीं दिये गये, तो तत्काल कार्रवाई होगी। धमकी में कहा गया है कि यदि झारखंड में लंबे समय तक काम करना है, तो कोयलांचल शांति सेना को साथ लेकर चलना होगा। इससे पहले भी राहुल गिरोह की ओर से सुसी कंपनी के अधिकारियों को धमकी मिल चुकी है। हजारीबाग एसपी अमन कुमार ने कहा कि प्रिंस खान की ओर से सुसी कंपनी के अधिकारी आरएस यादव को धमकी देने की सूचना मिली है। इसकी जांच की जा रही है, हालांकि अब तक इस संबंध में कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं करायी गयी है। वहीं चतरा के एसपी अनिमेष नैथानी ने कहा कि धमकी पानेवाले व्यक्ति की ओर से जिले के किसी भी थाने में प्राथमिकी दर्ज नहीं करायी गयी है।
कैपिटल हिल के संचालक को धमकी, अब तक केस दर्ज नहीं
रांची के मेन रोड़ स्थित कैपिटल हिल के मालिक संजय भाटिया उर्फ टिून भाटिया को भी प्रिंस खान की ओर से धमकी देकर एक करोड़ रुपए की रंगदारी मांगी गयी थी। हालांकि रांची पुलिस का कहना है कि धमकी मिलने की जानकारी है, लेकिन पीड़ित पक्ष की ओर से अब तक कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं करायी गयी है। जलजोगा और कैपिटल हिल के संचालकों को मिली धमकियों का तरीका लगभग एक जैसा है। केवल रंगदारी की राशि अलग-अलग है। जलजोगा रेस्टोरेंट के मालिक मिहिर घोष से प्रिंस खान ने दो जून को 50 लाख रुपये की रंगदारी मांगी थी। पांच जून तक पुलिस को इस मामले में कोई ठोस सुराग नहीं मिला था। पुलिस प्रिंस खान से जुड़े विभिन्न आपराधिक गिरोहों के नेटवर्क की पड़ताल कर रही है।

