गुमला: झारखंड के गुमला जिले में प्रतिबंधित उग्रवादी संगठन पीएलएफआई (PLFI) के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने संगठन के जोनल कमांडर विश्राम कोंगाडी उर्फ मोटा उर्फ सुकरा समेत चार उग्रवादियों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से हथियार, जिंदा कारतूस, प्रतिबंधित पर्चे और मोबाइल फोन बरामद किए गए हैं। पुलिस अधीक्षक हारिस बिन जमां ने प्रेस वार्ता में बताया कि गिरफ्तार उग्रवादियों का खूंटी, सिमडेगा समेत विभिन्न जिलों में आपराधिक इतिहास रहा है। उन्होंने बताया कि क्षेत्र में उग्रवादियों की मौजूदगी की गुप्त सूचना मिलने के बाद एसडीपीओ बसिया शिव शंकर मरांडी के नेतृत्व में विशेष छापेमारी दल गठित किया गया। टीम ने कामडारा थाना क्षेत्र के बोंगदा गांव के समीप कार्रवाई करते हुए चारों उग्रवादियों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार उग्रवादियों में खूंटी जिले के रनिया निवासी जोनल कमांडर विश्राम कोंगाडी, गुमला जिले के कामडारा निवासी अमर सुरीन और एतवा कोंगाडी उर्फ एतवा मास्टर तथा पश्चिमी सिंहभूम के बंदगांव निवासी अर्पित तोपनो उर्फ बेंदा शामिल हैं।
पिस्तौल, बंदूक और सात गोलियां बरामद
पुलिस ने उग्रवादियों के पास से एक देसी पिस्तौल, दो पिस्तौल मैगजीन, एक देसी बंदूक, एक देसी कट्टा, विभिन्न बोर की सात गोलियां, एक खोखा, पीएलएफआई के छह प्रतिबंधित पर्चे और चार मोबाइल फोन बरामद किए हैं। छापेमारी दल में बसिया, कामडारा और कुरकुरा थानों के प्रभारी सहित पुलिसकर्मी, सशस्त्र बल और गुमला की नक्सल क्यूआरटी टीम शामिल थी।

लेवी वसूली पर कार्रवाई जारी रहेगी : एसपी
एसपी हारिस बिन जमां ने कहा कि उग्रवादी गतिविधियों, लेवी वसूली और धमकियों पर अंकुश लगाने के लिए पुलिस का अभियान लगातार जारी रहेगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि आम लोगों की सुरक्षा और विकास कार्यों के अनुकूल माहौल बनाए रखने के लिए अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।






