दुमका : कोलकाता एसटीएफ से मिली सूचना पर दुमका पुलिस ने हंसडीहा थाना क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई करते हुए एक मकान में संचालित मिनी गन फैक्ट्री का उद्भेदन किया है। पुलिस ने सिलठा गांव स्थित पक्के मकान में छापेमारी कर हथियार निर्माण में इस्तेमाल होने वाली मशीनें, लोहे के सामान और विभिन्न उपकरणों समेत करीब 55 प्रकार की सामग्री बरामद की है। कार्रवाई के दौरान पुलिस ने एक आरोपित अक्षय कुमार यादव को गिरफ्तार किया है। पूछताछ के बाद उसे न्यायिक हिरासत में भेजने की प्रक्रिया की जा रही है। बताया जाता है कि नौ सितंबर को दुमका के वरीय पुलिस पदाधिकारी को मिली सूचना की पुष्टि के बाद कार्रवाई के लिए हंसडीहा प्रभाग के पुलिस इंस्पेक्टर के नेतृत्व में विशेष टीम गठित की गई। टीम में हंसडीहा थाना प्रभारी सह रामगढ़ थाना प्रभारी, जामा थाना प्रभारी, डीओएचएनओ दिलीप हांसदा सहित सशस्त्र बल के जवान शामिल थे। टीम ने पीतांबर लाइन होटल के समीप रामगढ़ मोड़ के पास मौजा सिलठा स्थित संबंधित मकान पर छापेमारी की।


मकान के अलग-अलग कमरों की तलाशी के दौरान पुलिस को हथियार निर्माण में इस्तेमाल होने वाले औद्योगिक उपकरणों का बड़ा जखीरा मिला। पुलिस ने मौके से लेथ मशीन, मिलिंग मशीन, ड्रिल मशीन, मोटर, कट ऑफ सॉ मशीन, एंगल ग्राइंडर सहित लोहे के विभिन्न आकार के सामान बरामद किए। इसके अलावा तांबे के मोटे तार, रेती, हथौड़ी और अन्य सामग्री भी जब्त की गई है। बरामद सभी सामान को पुलिस ने विधिवत जब्त कर लिया है। हंसडीहा थाना प्रभारी अजीत कुमार के अनुसार, बरामद मशीनों में अलग-अलग क्षमता और आकार की लेथ, मिलिंग तथा ड्रिल मशीनें शामिल हैं। इसके अलावा विभिन्न आकार के लोहे के ब्लॉक भी मिले हैं। पुलिस का मानना है कि बरामद सामग्री का इस्तेमाल हथियारों के निर्माण से जुड़ी गतिविधियों में किया जा रहा था। मामले की जांच में यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि मकान में यह गतिविधि कब से चल रही थी।

बौंसी ज्वेलर्स हत्याकांड से भी जुड़ा है आरोपित
गिरफ्तार अक्षय कुमार यादव की आपराधिक पृष्ठभूमि भी पुलिस जांच में सामने आई है। पुलिस के अनुसार, वह बिहार के बांका जिले के बौंसी थाना क्षेत्र के बौंसी बाजार में ज्वेलर्स दुकानदार की हत्या के मामले में भी आरोपित रहा है। उक्त मामले में वह जेल में बंद था और कुछ माह पहले जमानत पर बाहर आया था। अब हंसडीहा में हथियार निर्माण से जुड़े मामले में उसकी गिरफ्तारी के बाद पुलिस उसकी पुरानी आपराधिक गतिविधियों और मौजूदा मामले के बीच संभावित संबंधों की भी जांच कर रही है।

हथियारों की सप्लाई नेटवर्क खंगाल रही पुलिस
मकान से बड़ी संख्या में हथियार निर्माण से जुड़े उपकरण मिलने के बाद पुलिस अब पूरे नेटवर्क की कड़ियां जोड़ने में जुटी है। जांच का प्रमुख बिंदु यह है कि यहां तैयार होने वाले हथियार कहां और किन लोगों तक पहुंचाए जाते थे। साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि इस गतिविधि में कितने लोग शामिल थे और मकान का इस्तेमाल कब से किया जा रहा था। पुलिस गिरफ्तार आरोपित से पूछताछ के आधार पर अन्य संदिग्धों की पहचान करने में जुटी है। संभावित ठिकानों पर छापेमारी की जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि मामले की तह तक पहुंचने के लिए तकनीकी और मानवीय दोनों स्तरों पर जांच की जा रही है। आने वाले दिनों में इस मामले में और गिरफ्तारियां होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है।




