दिल्ली. सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय ने देश के सभी मीडिया संस्थानों सोशल मीडिया यूट्यूबर्स और डिजिटल मीडिया को सख़्त हिदायत दी है कि प्राण प्रतिष्ठान समारोह को लेकर किसी भी तरह की प्रमुख ख़बरें और सामाजिक सौहार्द बिगाड़ने की कोशिश करने वाली ख़बरों को ना दिखाए। सूचना प्रसारण मंत्रालय ने कहा कि “यह देखा गया है कि कुछ असत्यापित, उत्तेजक और फर्जी संदेश फैलाए जा रहे हैं, खासकर सोशल मीडिया पर, जो सांप्रदायिक सद्भाव और सार्वजनिक व्यवस्था को बिगाड़ सकते हैं।”
पूरे देश में रामलला के प्राण प्रतिष्ठा को लेकर समारोह मनाया जा रहा है, जगह जगह कार्यक्रम हो रहे हैं। ऐसे में सरकार ने एडवाइज़री जारी कर कहा है कि “समाचार पत्रों, निजी उपग्रह टीवी चैनलों और डिजिटल मीडिया पर समाचार और समसामयिक मामलों के प्रकाशकों को सलाह दी जाती है कि वे ऐसी किसी भी सामग्री को प्रकाशित/प्रसारित करने से बचें जो झूठी या भ्रामक हो या देश में सांप्रदायिक सद्भाव या सार्वजनिक व्यवस्था को बिगाड़ने की क्षमता रखती है।”
माना जा रहा है कि न्यूज़ और टीआरपी के लिए चैनल्स और डिजिटल मीडिया पर कई तरह की भ्रामक खबरें दिखा रहे हैं ।











