जिला शिक्षा अधीक्षक ने अपनी बहन को नौकरी दिलाने के लिए मेधा सूची से की छेड़छाड़, विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा

जिला शिक्षा अधीक्षक ने अपनी बहन को नौकरी दिलाने के लिए मेधा सूची से की छेड़छाड़, विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा

लातेहार: जिले के चंदवा प्रखंड में संचालित खीस्त राजा मध्य विद्यालय में आदिवासी आवेदिका अनास्तासिया खेस की मेघा सूची और उत्तरपुस्तिका में छेड़छाड़ कर जिला शिक्षा अधीक्षक प्रिंस कुमार ने अपनी सगी बहन प्रियंका कुमारी को सहायक अध्यापक नियुक्ति करा दिया। स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग ने इस मामले में जांच कराई जिसमें डीइओ प्रिंस कुमार पद का दुरुपयोग करते हुए सगी बहन प्रियंका को सहायक अध्यापक नियुक्ति कराने का मामला सत्य पाया गया। प्रियंका को लाभ पहुंचाने की नीयत से मेधा सूची में अनास्तासिया खेस को कुल छह विषय में प्राप्तांक 89.5 के स्थान पर 60 अंक दिखाये गए।

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मामले की जांच में डीइओ प्रिंस कुमार पर विद्यालय प्रबंधन समिति के सचिव सह प्रधानाध्यापक पर दवाब डालकर नियुक्ति प्रक्रिया को प्रभावित करने तथा सरकारी सेवक आचार नियमावली के प्रतिकूल काम करने का आरोप सही साबित हुआ। इसके बाद डीइओ प्रिंस कुमार पर विभागीय कार्रवाई के संचालन के लिए कार्मिक विभाग के आदेश के आलोक में कार्रवाई की अनुशंसा कर दी गई है। इस मामले में विभागीय मंत्री का अनुमोदन भी प्राप्त हो गया है।

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इस मामले में चयनित अभ्यर्थी को कम अंक दर्शाये गए। खीस्त राजा मध्य विद्यालय में सहायक अध्यापक के एक पद के लिए बहाली होनी थी। इसमें लातेहार की प्रियंका कुमारी, सिमडेगा की अनास्तासिया खेस, समीर बारला और अमरदीप नगेसिया ने आवेदन दिया था। 30 नवंबर 2022 को विद्यालय में लिखित परीक्षा ली गई और 19 दिसंबर 2022 को सभी अभ्यर्थियों के शैक्षणिक प्रमाण पत्रों की जांच की गयी। जांच के बाद चयन समिति ने अनास्तासिया खेस को चिकित्सा प्रमाण पत्र के साथ चार जनवरी 2023 को विद्यालय बुलाया था, लेकिन उससे पहले ही प्रियंका का चयन गलत तरीके से कर लिया गया। अनास्तासिया ने चयन प्रक्रिया पर सवाल उठाते हुए जांच की मांग की थी। इस मामले में तीन स्तर पर जांच हुई जिसमें डीइओ को अपने पद का दुरूपयोग करते हुए मेधा सूची में छेड़छाड़ कर अपनी सगी बहन को नियुक्ति करने का मामला सही पाया गया।

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