डेस्कः अमेरिका के ओहायो निवासी डैन पेल्ज़र ने अपने जीवन की अंतिम सांस तक पढ़ने का जो जुनून बरकरार रखा, वह किसी विरासत से कम नहीं। 1 जुलाई को 92 वर्ष की उम्र में निधन से पहले वे 1962 से लेकर 2024 तक लगभग 5,000 से अधिक पुस्तकें पढ़ चुके थे – हर 4 से 5 दिन में एक नई किताब।
डैन पेल्जर ने पढीं 5 हजार किताबें
इस सूची को उन्होंने 109 पन्नों में हस्तलिखित रूप में अपने परिवार के लिए छोड़ दिया। परिवार वालों ने इस सूची को What Dan Read नामक वेबसाइट पर साझा किया। डैन का पुस्तक-प्रेम नेपाल में पीस कॉर्प्स में सेवा के दौरान शुरू हुआ, जब उन्होंने वहाँ एक छोटी-सी लाइब्रेरी से पढ़ना शुरू किया। तब से उनके जीवन में पुस्तकें ही उनकी सबसे बड़ी मित्र रहीं।
नेहरु से गांधी तक पढ़ा
उनकी सूची में भारत और उसके महान नेताओं पर आधारित कई किताबें थीं – जिनमें जवाहरलाल नेहरू की Discovery of India और Nehru: A Political Biography, महात्मा गांधी पर Gandhi – Louis Fischer, और भारतीय जाति व्यवस्था, राजनीतिक ढांचे और दक्षिण एशिया की गहन व्याख्याएँ शामिल थीं।
कोलंबस मेट्रोपॉलिटन लाइब्रेरी के थे सदस्य
डैन की बेटी मार्सी के अनुसार, “वे कोलंबस मेट्रोपॉलिटन लाइब्रेरी के आजीवन पाठक रहे। उन्होंने हम बच्चों को भी हर शनिवार लाइब्रेरी ले जाना कभी नहीं छोड़ा।”
डैन के परिवार की अपील
डैन और उनकी पत्नी मैरी लू ने 52 साल साथ बिताए। 2024 में पत्नी की मृत्यु के बाद भी डैन ने पढ़ना नहीं छोड़ा। परिवार ने श्रद्धांजलि स्वरूप लोगों से फूलों की बजाय Kinship Community Food Center को दान देने और डैन की याद में एक शानदार किताब पढ़ने की अपील की।




