डेस्कः बिहार के पश्चिमी चंपारण के बगहा-1 प्रखंड क्षेत्र में गंडक नदी के बढ़ते दबाव के बीच चम्पारण तटबंध में बड़ी दरार के बाद करीब 12 मीटर चौड़ाई में बांध टूट गया। घटना सोमवार रात करीब 8ः30 बजे खैरटवा के पास हुई। तटबंध टूटते ही पानी तेजी से आसपास के गांवों और निचले इलाकों की ओर फैलने लगा है। हालात को देखते हुए NDRF की 30 सदस्यीय टीम तैनात की गई।
बगहा में करीब 10 मीटर तटबंध टूटा
सबसे पहले बगहा-1 क्षेत्र में रतवल और रजवटिया के बीच चंपारण तटबंध का हिस्सा टूट गया।सोमवार देर शाम खैरटवा के पास तटबंध टूटने के बाद गंडक का पानी तेजी से आसपास के निचले इलाकों की ओर फैलने लगा। आधिकारिक रिपोर्ट के मुताबिक यहां करीब 10 मीटर तटबंध क्षतिग्रस्त हुआ है। तटबंध टूटने के बाद खेतों और निचले इलाकों में पानी फैलने लगा। आसपास के गांवों में रहने वाले लोगों की चिंता बढ़ गई। कई परिवार जरूरी सामान लेकर ऊंची और सुरक्षित जगहों की ओर जाने लगे। प्रशासन की टीमें मौके पर पहुंचीं और हालात संभालने में जुट गईं।

बैरिया में भी तटबंध क्षतिग्रस्त
बगहा के बाद अब बैरिया में भी गंडक नदी के बाएं चंपारण तटबंध को नुकसान पहुंचा है। फुलियाखांड़ गांव के पास तटबंध करीब 5 मीटर की चौड़ाई में क्षतिग्रस्त हुआ है। यह हिस्सा 59.60 किलोमीटर पर है। जानकारी के मुताबिक ओवरटॉपिंग और अचानक पाइपिंग के कारण तटबंध को नुकसान पहुंचा। इसके बाद पानी खेतों की ओर फैलने लगा है। फुलियाखांड़, शामपुर और शीरोजपुर के निचले इलाकों में भी पानी फैलने की आशंका है।
NDRF की 30 सदस्यीय टीम तैनात
हालात को देखते हुए प्रशासन ने मौके पर राहत और बचाव की तैयारी तेज कर दी है। NDRF की 30 सदस्यीय टीम भी तैनात की गई है। जल संसाधन विभाग की टीम तटबंध की मरम्मत में जुटी है। टूटे और क्षतिग्रस्त हिस्सों को दुरुस्त करने का काम तेजी से चल रहा है। बगहा में तटबंध टूटने के मामले में प्रशासन ने अभियंताओं की भूमिका की जांच के आदेश भी दिए हैं। SDM चांदनी कुमारी ने कहा है कि जांच में लापरवाही सामने आने पर जिम्मेदार लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की जा सकती है।
NH-727 पर बंद हो सकती है आवाजाही
गंडक नदी का जलस्तर बढ़ने से पहले ही पश्चिम चंपारण के कई इलाकों में बाढ़ का खतरा बना हुआ है। अब तटबंध के अलग-अलग हिस्सों में नुकसान से परेशानी बढ़ गई है। फिलहाल आधिकारिक जानकारी के अनुसार बगहा में पानी का बड़ा हिस्सा खेतों और निचले इलाकों की ओर फैल रहा है। NH-727 पर तत्काल बड़े असर की बात सामने नहीं आई है। प्रशासन की टीमें लगातार स्थिति पर नजर रख रही हैं। निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने और जरूरत पड़ने पर सुरक्षित स्थानों पर जाने की अपील की गई है।





