पटनाः बिहार BPSC की AEDO परीक्षा में धांधली का खुलासा किया गया है। आर्थिक अपराध इकाई ने अतुल राज पांडे को गिरफ्तार किया है। कंकड़बाग के परीक्षा केंद्र में वह बायोमेट्रिक ऑपरेटर था। मोबाइल से परीक्षा से जुड़े सबूत मिलने के बाद कार्रवाई हुई है। सॉल्वर गैंग का भी खुलासा संभव है। EOU द्वारा BPSC-AEDO परीक्षा में हुई धांधली का पर्दाफाश किया गया है। इस बीच बायोमेट्रिक ऑपरेटर अतुल राज पांडेय को गिरफ्तार किया गया है। अतुल राज की पटना से गिरफ्तारी हुई है। बताया जा रहा है कि अतुल राज एईडीओ परीक्षा में सक्रिय सॉल्वर गैंग से जुड़ा हुआ था। एईडीओ की परीक्षा अप्रैल में आयोजित की गई थी।
जांच में सामने आया कि अतुल कंकड़बाग स्थित रघुनाथ उच्च बालिका विद्यालय परीक्षा केंद्र पर बायोमीट्रिक ऑपरेटर के रूप में तैनात था। अतुल राज की सहकर्मी दीपिका कुमारी के मोबाइल से परीक्षा से जुड़े महत्वपूर्ण डिजिटल साक्ष्य मिले थे। अतुल का मोबाइल भी परीक्षा केंद्र से जब्त किया गया था। पटना के एएन कॉलेज परीक्षा भवन में परीक्षार्थी रोशन कुमार को बायोमेट्रिक कर्मी अंशुप्रिया द्वारा उत्तर पुर्जा देते हुए पकड़ा गया था।
मामले में पाई गई अतुल की संलिप्तता
मामले की जांच में अप्राथमिक अभियुक्त अतुल राज पांडेय की भी संलिप्तता सामने आई। ईओयू की जांच में सामने आया है कि अतुल राज ने सहायक लोक स्वच्छता एवं अपशिष्ट प्रबंधन पदाधिकारी और सहायक शिक्षा विकास पदाधिकारी (एईडीओ) की अप्रैल 2026 में हुई परीक्षा के दौरान कई केंद्रों को मैनेज कर बड़े स्तर पर धांधली की साजिश रची थी।
इसके चलते बीपीएससी ने बाद में यह दोनों परीक्षाएं रद्द कर दी। ईओयू की पूछताछ में अतुल राज ने धांधली से जुड़े सॉल्वर गैंग के कई महत्वपूर्ण लोगों के नाम बताए हैं, जिनका सत्यापन कराया जा रहा है। अतुल राज पांडेय विभिन्न जैमर एवं बायोमीट्रिक्स कंपनियों के साथ पूर्व में हुई अन्य परीक्षाओं में नियोजित रहा है। वह इन कंपनियों को मानव बल की आपूर्ति भी करता था।
मामले में गहन जांच जारी
ईओयू द्वारा मामले के अन्य पहलुओं की भी गहन जांच की जा रही है। गिरफ्तार किए जाने के बाद अतुल को बुधवार (19 अगस्त) की देर रात पटना की बेऊर जेल भेज दिया गया है। 23 अप्रैल 2026 को श्रीकृष्णापुरी थाने में लोक स्वच्छता पदाधिकारी की परीक्षा में कदाचार से जुड़ा मामला दर्ज हुआ था।






