रांचीः JPSC-JSSC पेपर लीक मामले में झारखंड पुलिस और CID ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। इसी कड़ी में गिरिडीह पुलिस ने सोमवार (17 अगस्त) की देर रात आरोपी अभय तिवारी की पत्नी सुषमा कुमारी और उसके भाई अक्षय तिवारी से पूछताछ की। जानकारी के मुताबिक, गिरिडीह पुलिस की टीम ने एसडीपीओ जितवाहन उरांव के नेतृत्व में टेक्निकल सेल और बेंगाबाद पुलिस के साथ मिलकर आरोपी के परिजनों से पूछताछ की। जानकारी के मुताबिक, पुलिस दोनों को पूछताछ के लिए गांडेय थाने लेकर आई और यहां उनसे पूछताछ की गई। देर रात की गई इस कार्रवाई के बाद पूरे इलाके में चर्चाओं का बाजार गरम है। हालांकि, पुलिस ने इस विषय पर कोई भी जानकारी देने से इनकार कर दिया।
अभय तिवारी के भाई-पत्नी से पूछताछ
पुलिस के मुताबिक, सोमवार-मंगलवार की देर रात को गिरिडीह पुलिस की विशेष टीम दोनों के घर पहुंची। फिर दोनों को पूछताछ के लिए गिरिडीह लाया गया। यहां दोनों से अलग-अलग थाना में पूछताछ कर रही है। बता दें कि जेपीएसएसी में हुई गड़बड़ी का मामला सामने आने के बाद से झारखंड सीआईडी ने मामले की जांच शुरू की है। जांच में गड़बड़ी का खुलासा होने के बाद परीक्षा एजेंसी टीडीपीएल के मार्केटिंग मैनेजर अभय तिवारी को गिरफ्तार किया गया। अभय ने गड़बड़ी की पूरी कहानी बयां कर दी।
अभय तिवारी ने स्वीकारी परीक्षा में गड़बड़ी की बात
जानकारी के अनुसार अभय ने जेएसएससी (झारखंड कर्मचारी चयन आयोग) की पोस्ट ग्रेजुएट ट्रेंड टीचर कॉम्पिटिव एग्जामिनेशन में गड़बड़ी होने की बात कबूली है। उन्होंने यह भी बताया है कि 3120 पदों के लिए हुई कम्प्यूटर आधारित पीजीटी शिक्षक भर्ती परीक्षा में गड़बड़ी हुई थी।
इसके बाद सोमवार को सीआईडी ने जेएसएससी कार्यालय में छापा मारा। इस बीच सोमवार की देर रात को मुख्य्मंत्री हेमंत सोरेन की कैबिनेट ने जेएसएससी सीजीएल परीक्षा के अलावा टीडीपीएल द्वारा ली गई सभी परीक्षाओं को रद्द करने का फैसला लिया। जिसकी घोषणा भी मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कर दी।
सोमवार की रात को मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा था कि सीजीएल परीक्षा की जांच के लिए गठित एसआईटी और सीआईडी की अब तक की रिपोर्ट के अनुसार कुछ चीजें ऐसी सामने आयी है, जिनसे गड़बड़ी के संकेत मिलते हैं। सीएम ने यह भी कहा कि जेपीएससी पीटी छात्र की सीजीएल में भी भूमिका पायी गई है।





