रांचीः जेएमएम नेता और पूर्व मंत्री मिथिलेश ठाकुर के एक सोशल मीडिया पोस्ट पर खूब बवाल मच रहा है। प्रधानमंत्री के विदेश दौरे और प्रेस कांफ्रेंस के माध्यम से मीडिया का सामना नहीं करने पर तंज कसते हुए मिथिलेश ठाकुर ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट किया। जिसमें उन्होंने भारत का एक नक्शा लगाया जिसमें छेड़छाड़ की गई थी। जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को डिस्प्यूटेड दिखाते हुए उस नक्शा को पोस्ट करते हुए उन्होंने लिखा कि हम प्रेस कांफ्रेंस नहीं करते। यही हमारी परंपरा रही है। कोई शक? कोई परेशानी?

मंगलवार रात एडिटर्स गिल्ड को टैग करते हुए मिथिलेश ठाकुर ने पोस्ट किया। इस पोस्ट के बाद बवाल मच गया और भारत के अधूरा नक्शा पोस्ट करने को लेकर सोशल मीडिया पर वो ट्रोल होने लगे। यहीं नहीं नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी और उनके सलाहकार सुनील तिवारी ने इसे भारत की अखंडता और संप्रभुता से जोड़कर इस पोस्ट को बहुत ही शर्मनाक बताया। सोशल मीडिया पर मिथिलेश ठाकुर की हो रही खिंचाई के बाद उन्होंने पोस्ट को बाद में डिलीट कर दिया।
भारत के नक़्शे के साथ छेड़छाड़ करने वालों को यह याद रखना चाहिए कि जम्मू-कश्मीर और लद्दाख भारत का मुकुट हैं, कोई “डिस्प्यूटेड ज़ोन” नहीं।
सोशल मीडिया पर इस तरह का नक़्शा डालकर देश की संप्रभुता को चुनौती देने की कोशिश बेहद शर्मनाक और निंदनीय है। यह सिर्फ एक तस्वीर नहीं, बल्कि भारत… https://t.co/EkNm7VyzvY
— Sunil Kr. Tiwari (@itssuniltiwari) May 20, 2026
नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने मिथिलेश ठाकुर पर निशाना साधते हुए लिखा कि झारखंड में नल-जल घोटाले के मुख्य आरोपी, झामुमो के महासचिव एवं पूर्व मंत्री मिथिलेश ठाकुर द्वारा भारत का खंडित नक्शा जारी करना बेहद शर्मनाक, दुर्भाग्यपूर्ण और देश की अखंडता पर सीधा प्रहार है।
सत्ता और तुष्टिकरण की राजनीति में डूबी झामुमो लगातार झारखंड विरोधी गतिविधियों में संलिप्त रही है, लेकिन अब वोट बैंक की राजनीति के लिए देश की एकता और संप्रभुता से भी समझौता किया जा रहा है।
नल-जल योजना में भारी कमीशनखोरी, गढ़वा में बालू और जमीन लूट के आरोपों से घिरे पूर्व मंत्री ने जिस प्रकार कश्मीर को भारत से अलग दिखाने का दुस्साहस किया है, वह करोड़ों देशवासियों की भावनाओं का अपमान है। यह केवल एक “गलती” नहीं, बल्कि मानसिकता को दर्शाने वाला गंभीर कृत्य है।
मुख्यमंत्री @HemantSorenJMM जी बताएं कि क्या ऐसे लोगों को संरक्षण देना उनकी सरकार की नीति बन चुकी है?देश की अखंडता से खिलवाड़ करने वालों पर तत्काल कार्रवाई होनी चाहिए और मिथिलेश ठाकुर को झारखंड एवं देशवासियों से सार्वजनिक माफी मांगनी चाहिए।
झारखंड में नल-जल घोटाले के मुख्य आरोपी, झामुमो के महासचिव एवं पूर्व मंत्री मिथिलेश ठाकुर द्वारा भारत का खंडित नक्शा जारी करना बेहद शर्मनाक, दुर्भाग्यपूर्ण और देश की अखंडता पर सीधा प्रहार है।
सत्ता और तुष्टिकरण की राजनीति में डूबी झामुमो लगातार झारखंड विरोधी गतिविधियों में… https://t.co/GVxaU64eRk
— Babulal Marandi (@yourBabulal) May 20, 2026


