बिहार चुनाव से पहले मुकेश सहनी की पार्टी वीआईपी (VIP) को झटका लगा है। वीआईपी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष बद्री पूर्वे ने शनिवार को अपने पद व पार्टी से इस्तीफा दे दिया। यह निर्णय उन्होंने इस बार महागठबंधन से टिकट नहीं मिलने के कारण लिया है। इस्तीफे के बाद बद्री पूर्व ने यह भी दावा किया कि वीआईपी के टिकट पर जीतने वाले प्रत्याशी बाद में एनडीए का समर्थन कर देंगे। उनके इस दावे से महागठबंधन की एकता पर भी सवाल खड़े होते हैं।
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बद्री पूर्व ने मुकेश सहनी पर संगीन आरोप लगाया। बद्री पूर्वे ने कहा कि पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुकेश सहनी ने गत 16 अक्टूबर को पटना में मुझसे कहा था कि आप क्षेत्र में जाकर काम करें, 17 अक्टूबर को मैं आपको सिंबल दे दूंगा। हालांकि, 17 अक्टूबर को मेरी जगह उमेश सहनी को दरभंगा से पार्टी का सिंबल दे दिया गया। बद्री पूर्वें ने दरभंगा नगर के भाजपा प्रत्याशी संजय सरावगी से उनके आवास पर जाकर मुलाकात की।
बद्री पूर्व ने मुकेश सहनी पर संगीन आरोप लगाए हैं। बद्री पूर्व ने कहा कि मुकेश सहनी कार्यकर्ताओं और नेताओं को उलझा कर रखते हैं। उन्होंने दावा किया कि मुकेश सहनी ने खुद उनसे क्षेत्र में काम करने के लिए और पार्टी की ओर से उन्हें ही टिकट देने की बात कही थी लेकिन उनके सामने ही शहरी विधानसभा सीट से मुकेश सहनी को टिकट दिया गया।
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