Hemant Soren को मिलेगी बेल या रहेंगे जेल में ही, झारखंड हाईकोर्ट में आ सकता है फैसला

Picture of Live Dainik

Live Dainik

May 3, 2024

समन के अवहेलना का मामलाः ईडी ने हेमंत सोरेन की याचिका पर जवाब देने के लिए मांगा समय

रांचीः झारखंड  के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन चुनावी मौसम में जेल में ही रहेंगे या मिलेगी बेल इस पर हाईकोर्ट फैसला सुना सकता है ।  गिरफ़्तारी के खिलाफ याचिका पर शुक्रवार को हाईकोर्ट फैसला सुनाएगा। ईडी ने इसी साल 31 जनवरी को हेमंत सोरेन को गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी को गलत बताते हुए हेमंत सोरेन ने याचिका दायर की थी। 28 फरवरी को मामले की सुनवाई पूरी करने के बाद हाईकोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया था।

शुक्रवार को आ सकता है फैसला

इस बात की पूरी उम्मीद जताई जा रही है कि  शुक्रवार को एक्टिंग चीफ जस्टिस एस चंद्रशेखर और जस्टिस नवनीत कुमार की अदालत फैसला सुना सकती है । हेमंत सोरेन की ओर से कहा गया है कि जिस मामले में उन्हें गिरफ्तार किया गया है वह मामला शेड्यूल ऑफेंस का नही है। उनके खिलाफ मनी लाउंड्रिंग का कोई मामला नहीं बनता है। बड़गाईं अंचल की जिस विवादित 13 एकड़ जमीन की बात कही जा रही है, उसके मूल दस्तावेज में हेमंत सोरन के नाम का कोई जिक्र नहीं है।

See also  पटना के लोक अदालत में जमकर हुआ हंगामा, ट्रैफिक चालान का निपटारा नहीं होने से भड़के लोग

ED का Hemant Soren पर आरोप

प्रवर्तन निदेशालय का कहना है कि 16 अगस्त को अंचलाधिकारी बड़गाईं को राजकुमार पाहन द्वारा उनकी जमीन पर कब्जे की शिकायत के बाद आनन-फानन में 29 जनवरी 2024 को एसएआर कोर्ट ने अंतिम रूप से राजकुमार पाहन को उक्त जमीन का मालिकाना हक दे दिया। यह मालिकाना हक भी उन्हें दिल्ली में हेमंत सोरेन के आवास पर ईडी की छापेमारी के बाद दिया गया। पहले समन के बाद ही तत्कालीन सीएम हेमंत सोरेन ने अपने पावर का उपयोग करते हुए इस केस से संबंधित साक्ष्य को नष्ट करने की कोशिश की है। पूछताछ के लिए हेमंत सोरेन को 10 समन जारी किया था, जिसमें से वह मात्र दो समन में ही ईडी के समक्ष उपस्थित हुए थे।

पहले भी सुप्रीम कोर्ट में याचिका हुई थी दायर

झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) नेता ने कथित भूमि घोटाले के सिलसिले में गिरफ्तार होने से पहले 31 जनवरी की शाम को शीर्ष अदालत का दरवाजा खटखटाया था। उनकी गिरफ्तारी राज्य के मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा देने के कुछ मिनट बाद हुई। इस याचिका में उन्होंने इस आधार पर गिरफ्तारी से सुरक्षा मांगी थी कि ईडी की कार्रवाई अवैध और राजनीतिक विचारों से प्रेरित थी।

See also  JEE Advanced 2026 Topper Shubham Kumar: जेईई मेन के बाद जेईई एडवांस्ड में भी बिहार के शुभम कुमार का जलवा,बने ऑल इंडिया टॉपर

झारखंड हाईकोर्ट में जमानत याचिका 

जब शीर्ष अदालत ने 2 फरवरी को उनकी याचिका पर सुनवाई की, तो पहले सोरेन की याचिका पर विचार करने से इनकार कर दिया और इसके बजाय उन्हें झारखंड उच्च न्यायालय में मामला दायर करने का निर्देश दिया। हेमंत सोरेन ने उच्च न्यायालय के समक्ष भी अलग से एक याचिका दायर की है, अदालत ने उनसे राज्य में अपने मामले को आगे बढ़ाने के लिए कहा, लेकिन उच्च न्यायालय द्वारा निर्णय के लिए समय सीमा निर्धारित करने से इनकार कर दिया।

फर्जी रिकॉर्ड बना कर जमीन खरीदने का आरोप

ईडी ने दावा किया है कि उसके पास इस बात के सबूत हैं कि झामुमो नेता रांची में कथित भूमि संबंधी अनियमितताओं में मुख्य लाभार्थी हैं, जहां दलालों और व्यापारियों का एक नेटवर्क कथित तौर पर रजिस्ट्रार कार्यालयों में फर्जी रिकॉर्ड बनाकर जमीन के पार्सल के फर्जी दस्तावेज तैयार करने के लिए वर्षों से काम कर रहा था। और आगे उन्हें बेच रहे हैं।

अमित अग्रवाल की गिरफ्तार के बाद कई खुलासे

माना जाता कि पिछले साल 7 जून को ईडी द्वारा गिरफ्तार किए गए कोलकाता के व्यवसायी अमित कुमार अग्रवाल के बयान की वजह से हेमंत  सोरेन की गिरफ्तारी हुई । अग्रवाल पर झारखंड के कई नेताओं के फंड हैंडलर होने का आरोप है । ईडी ने 12 जून, 2023 को कथित भूमि घोटाले में पहले ही आरोप पत्र दायर कर दिया है, जिसमें अमित अग्रवाल, भारतीय प्रशासनिक अधिकारी (आईएएस) छवि रंजन और आठ अन्य व्यक्तियों – दिलीप कुमार घोष (अग्रवाल के करीबी सहयोगी), प्रदीप बागची, को नामित किया गया है। अफसर अली (जमीन संपत्तियों पर फर्जी दस्तावेज बनाने वाला कथित सरगना), मोहम्मद सद्दाम हुसैन, इम्तियाज अहमद, तल्हा खान, फैयाज अहमद, भानु प्रताप प्रसाद  भी गिरफ्तार हैं।

See also  मंईयां सम्मान योजना, JSSC और भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई को लेकर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने अधिकारियों के साथ की बैठक, दिये आवश्यक निर्देश

हेमंत सोरेन को ED ने किया है गिरफ्तार

गौरतबल है कि झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को प्रवर्तन निदेशालय ने इक्कत्तीस जनवरी को रांची से उनके ही आवास से गिरफ्तार कर लिया था । उन पर अवैध तरीके से जमीन खरीदने का आरोप है । पीएमएलए कोर्ट में ईडी उनके खिलाफ चार्जशीट दायर कर चुकी है  ।

लोहरदगा में चमरा लिंडा की ‘बल्लेबाजी’ रहेगी जारी, चुनावी मैदान में पंद्रह प्रत्याशी

Hemant Soren की सुप्रीम कोर्ट में याचिका, हाईकोर्ट में जमानत याचिका की सुनवाई में हो रही देरी- तत्काल सुनाई की मांग; कोर्ट ने कहा गौर करेंगे

WhatsApp Channel Join Now
Telegram Group Join Now
Instagram Group Join Now

Trending Now