रांचीः सरहुल के मौके पर आचार संहिता तोड़ने का मामला दर्ज हुआ है । वो भी एक झांकी पर । जी हां ईडी-सीबीआई के खिलाफ निकाली गई एक झांकी पर आचार संहिता उ्लघंन का मामला दर्ज किया गया है । इस झांकी में हेमंत सोरेन को जेल में दिखाया गया है जबकि ईडी औऱ सीबीआई का पुतला लगा कर यह बताने की कोशिश की गई है कि किस तरह केंद्रीय एजेंसियों ने हेमंत सोरेन को जेल में डाल दिया है ।
इस झांकी में बड़े-बड़े अक्षरों में लिखा गया है कि
भगवान बिरसा मुंडा को उलगुलान में अंग्रेजो द्वारा शोषण किया गया और वर्तमान में झारखंड के विकास की लड़ाई में हेमंत सोरेन को ईडी के द्वारा शोषण किया जा रहा है ।
इस झांकी में स्लोगन लिखा था, जेल का ताला टूटेगा, हेमंत सोरेन छूटेगा। इसे स्थानीय प्रशासन ने आपत्तिजनक माना है और मेंॉजिला प्रशासन की ओर से केंद्रीय सरना समिति के अध्यक्ष समेत 26 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।
जिनके खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई है उनमें शामिल है केंद्रीय सरना समिति के अध्यक्ष फूलचंद तिर्की समिति के उपाध्यक्ष प्रमोद एक्का, प्रशांत टोप्पो, निर्मल पाहन, महासचिव संजय तिर्की, सचिव विनोद उरांव के अलावा सदस्य राजू उरांव, सुरेंद्र मुंडा, पंचम लोहरा, विनोद भगत, शंकर लोहरा, राम उरांव, आकाश उरांव, दिनु उरांव, बलकू उरांव, किशोर लोहरा, सोनू तिर्की, कुलदीप सांगा, सोमरा उरांव, ललित कच्छप, प्रदीप लकड़ा, रवि लोहरा और भुनेश्वर लोहरा ।
इतना ही नहीं रांची के अरगोड़ा के पिपराटोली सरना समिति की ओर से निकाली गई एक आपत्तिजनक झांकी निकालने वालों के खिलाफ भी शिकायत दर्ज कराई गई है। इस झांकी में आदिवासियों को पुलिस बल की ओर से दबाते दिखाया गया है। झांकी में अडानी देश छोड़ो का स्लोगन भी लिखा था।
रांची में इससे पहले भी सरहुल जुलूस में इस तरह की झांकियां निकलती रही है, रघुवर सरकार के दौरान जब पत्थलगड़ी के मामले बढ़ रहे थे तभी सरहुल में इस तरह की झांकियां निकली थी ।






