रांचीः जिले के मुरी ओपी क्षेत्र के एक गांव में नाबालिग किशोरी का शव मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। 18 अक्टूबर को घर से निकली किशोरी का शव शाम को गांव के बाहर झाड़ियों में बरामद किया गया। परिजनों ने किशोरी के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या किए जाने की आशंका जताई है। पुलिस ने घटनास्थल पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार, 18 अक्टूबर को दोपहर बाद किशोरी अपने सात वर्षीय चचेरे भाई के साथ भैया-भाभी के घर जाने की बात कहकर निकली थी। कुछ देर बाद उसका चचेरा भाई खून से लथपथ हालत में घर पहुंचा। बच्चे की हालत देखकर परिजन घबरा गए और किशोरी की तलाश शुरू कर दी। काफी खोजबीन के दौरान शाम करीब चार बजे गांव के बाहर झाड़ियों में किशोरी का शव मिला। शव मिलने की खबर फैलते ही गांव में हड़कंप मच गया।

घटना की सूचना मिलते ही मुरी ओपी की पुलिस और सिल्ली के डीएसपी घटनास्थल पर पहुंचे। पुलिस अधिकारियों ने घटनास्थल का निरीक्षण कर मामले की छानबीन शुरू की। पुलिस विभिन्न बिंदुओं पर जांच कर रही है और घटना में शामिल आरोपियों की पहचान करने का प्रयास किया जा रहा है।
परिजनों ने किशोरी के साथ दुष्कर्म के बाद हत्या किए जाने की आशंका जताई है। हालांकि, इस संबंध में अभी तक कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस के अनुसार, पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के निष्कर्षों के आधार पर ही दुष्कर्म की आशंका को लेकर स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। घटना में शामिल आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए छापेमारी की जा रही है।
वहीं जेएलकेएम उम्मीदवार और सिल्ली से विधानसभा चुनाव लड़ चुके देंवेंद्रनाथ महतो ने मृत बच्ची के परिजनों से मुलाकात की और दोषियों पर कठोर से कठोर कार्रवाई करते हुए फांसी देने की मांग की है। देवेन्द्र नाथ महतो ने कहा कि मृत बच्ची लगभग 17 वर्ष 9 महीने की थी और कक्षा 11वीं की छात्रा थी। ग्रामीणों के अनुसार, वह सरल स्वभाव की थी और पढ़ाई-लिखाई पर विशेष ध्यान देती थी। ऐसी मासूम बच्ची के साथ हुई यह घटना अत्यंत दुखद, निंदनीय और चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि इस घटना से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है। ग्रामीण महिलाएँ खेतों में जाने, बाड़ी में काम करने और घर से बाहर निकलने में भी डर महसूस कर रही हैं। दिनदहाड़े इस प्रकार की घटना होना कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़ा करता है।







