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गर्मी ऐसी की चलता फिरत इंसान भी बेमौत जा रहा है मारा, रही सही कसर सरकारी अस्पताल और बिजली कर रही है पूरी

Heat Wave

चतराः दशकों से किसी ने ऐसी गर्मी झेली नहीं थी ।  इलाके के बुजुर्ग भी इस तपती धरती को देख दुनिया के अंत की कहानी बताने लग रहे हैं । पूरे झारखंड खासतौर से पलामू और चतरा में तो गर्मी का ऐसा कहर कि मानों घर से निकलते ही यमराज से भेंट होना तय है । पिछले तीन दिनों से आसमान से आग बरस रही है और धरती मानों गरम तवा  । पलामू, चतरा और लातेहार में तीन दिनों के अंदर एक दर्जन से अधिक लोगों की मौत की खबर है ।

घर से निकलते ही मौत

चतरा में एक सप्ताह से यहां का तापमान 45° सेल्सियस के आस-पास रह रहा है। दो दिनों के अंतराल 5 लोगों की मौत होने की सूचना हुई है। पहली घटना औरु गेरुआ घटी जहां चार व्यक्ति की मौत हो गई। जबकि दुसरी घटना कोबानी गांव में गुरुवार की देर शाम घटी है। मृतको में औरुगेरुआ के महेश्वर साव 65 वर्ष, बाल गोविंद साव 60 वर्ष एवं मो इलियास 70 वर्ष, विनेश्वर भूइया 65 वर्ष एवं कोबनी गांव के कुलेश्वर ठाकुर 73 वर्ष शामिल है। परिजनों के द्वारा बताया गया कि महेश्वर साव को उल्टी और दस्त हुआ था और घर से बाहर निकलते ही वह गिरकर बेहोश हो गए जब तक चिकित्सक को बुलाया जाता तब तक उनकी मौत हो गई थी। वही बाल गोविंद साव के द्वारा बताया गया कि वह काशी केवाल गांव गए हुए थें। और वहीं पर बेहोश हो कर गिर गए थें। ग्रामीणों के द्वारा उनको होश में लाकर घर भेजा गया। घर आने के बाद वह काफी बेचैनी सी हालत में थें। और जब तक ग्रामीण चिकित्सक को बुलाया जाता तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। वहीं तीसरी घटना मो इलियास अहमद की अचानक बुखार आ गया। ग्रामीण चिकित्सक के इलाज के बाद शेरघाटी ले जाया गया जहां उनकी मौत हो गई।

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चतरा में लू से मौत

ग्रामीणों अस्पतालों का हाल बेहाल

ग्रामीणों के द्वारा बताया गया कि लु एवं गर्मी के कारण सभी की मौत हुई है। इसी तरह दो अन्य लोगों की मौत होने की बात बतायी गई। इस घटना से पूरे गांव के लोग काफी भयभीत हैं। ग्रामीणों के द्वारा बताया गया कि ओरु गेरुआ उप स्वास्थ्य केंद्र कभी कभार खुलता है। जिसके कारण यहां के लोगों को तबीयत खराब होने के बाद फर्स्ट एड की व्यवस्था नहीं होती है। जिसके कारण भी लोगों की जान जा रही है।

एक – दो घंटे से ज्यादा बिजली  नहीं

वहीं बिजली विभाग के मनमौजी रवैया से भी लोगों में काफी आक्रोश देखा गया। इस गांव के ग्रामीणों के द्वारा बताया गया की 24 घंटा में 1 से 2 घंटा बिजली दी जाती है। उसमें भी लो वोल्टेज रहता है। जिससे बिजली का रहना और ना रहना बराबर है। वही ग्रामीणों ने उपायुक्त से उप स्वास्थ्य केंद्र एवं बिजली आपूर्ति सुचारू ढंग से करने की मांग की है। लगातार गरमी बढ़ने से दर्जनों पशु-पक्षियों  की भी मौत हो गई है।

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रिपोर्ट- जितेंद्र तिवारी

 

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