रांचीः बुढ़मू थाना क्षेत्र के छापर गांव में फायरिंग और आगजनी की घटना सामने आई है। यहां बालू लोडिंग के काम में लगे एक लोडर (जेसीबी) में आग लगा दी गई। घटना के दौरान 8 से 10 राउंड गोली चलने की बात भी सामने आई है। इस वारदात की जिम्मेदारी राहुल दुबे गैंग ने सोशल मीडिया पर पोस्ट जारी कर ली है। हालांकि, पुलिस ने अभी तक फायरिंग और गैंग की ओर से जिम्मेदारी लेने संबंधी दावों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की है। खलारी डीएसपी रामनारायण चौधरी ने बताया कि फायरिंग की अभी पुस्टि नहीं हुई है। हालांकि लोडर में आग लगाई गई थी, जिसे समय रहते बुझा लिया गया है।
सोशल मीडिया पर पोस्ट जारी कर ली जिम्मेदारी
वहीं, दूसरी तरफ राहुल दुबे गैंग के नाम से 12 अक्टूबर 2026 को सोशल मीडिया पर एक प्रेस रिलीज जारी की गई। इसमें दावा किया गया कि बुढ़मू के छापर गांव में रात के समय 8 से 10 राउंड फायरिंग की गई और बालू लोडिंग में लगे लोडर को आग लगा दी गई। पोस्ट में गैंग ने इस घटना की जिम्मेदारी लेने की बात कही है।पोस्ट में सुधीर सिंह और राजू राय का नाम लेते हुए आरोप लगाया गया कि उनकी ओर से गैंग की बातों को नजरअंदाज किया गया। इसके बाद इस तरह की कार्रवाई की गई।


बालू कारोबारियों को काम बंद करने की धमकी
सोशल मीडिया पर जारी पोस्ट में गैंग ने बालू कारोबार से जुड़े लोगों को धमकी दी है। इसमें कहा गया है कि जब तक उनसे कथित तौर पर समझौता नहीं किया जाता, तब तक बालू घाट पर काम बंद रखा जाए। पोस्ट में बालू घाट पर काम करने वाले कर्मचारियों, मुंशी और ड्राइवरों को भी धमकी दी गई है। इसके अलावा कोयला कारोबार, बालू कारोबार और जमीन के लेन-देन से जुड़े लोगों को भी चेतावनी दी गई है। पोस्ट में परिवार के लोगों को नुकसान पहुंचाने की धमकी तक दी गई है।
घटना की जांच में जुटी पुलिस
इधर, सोमवार को घटना की जानकारी मिलते ही खलारी डीएसपी सहित बुढ़मू पुलिस की टीम मौके पर पहुंची। पुलिस फायरिंग से जुड़े तथ्यों की पड़ताल कर रही है. डीएसपी खलारी राम नारायण चौधरी ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है।
कौन है राहुल दुबे
राहुल दुबे झारखंड का एक कुख्यात अपराधी है। वह खुद को एनकाउंटर में मारे गए अमन साहू का उत्तराधिकारी होने का दावा करता है।राहुल दुबे के बारे में जानकारी मिली है कि वह विदेश में बैठकर झारखंड में अपने गैंग को हैंडल कर रहा है।





