लोहरदगा : लोहरदगा के न्यू रोड स्थित ईदगाह पैलेस में मंगलवार को ऑल इंडिया मोमिन कॉन्फ्रेंस की जिला इकाई का एकदिवसीय सम्मेलन आयोजित किया गया। सम्मेलन में समाज के सामाजिक, शैक्षणिक, आर्थिक और राजनीतिक मुद्दों पर मंथन हुआ। शिक्षा और रोजगार से लेकर राजनीतिक प्रतिनिधित्व, वक्फ संपत्तियों की सुरक्षा और युवाओं के कौशल विकास तक विभिन्न विषयों पर चर्चा के बाद 11 सूत्री प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किया गया। सम्मेलन में संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष फिरोज अहमद अंसारी मुख्य अतिथि और झारखंड प्रदेश अध्यक्ष आबिद अली अंसारी विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। कार्यक्रम से पहले दोनों नेताओं का सर्किट हाउस से बाइक रैली के माध्यम से सम्मेलन स्थल तक स्वागत किया गया। आयोजन स्थल पर फीता काटकर कार्यक्रम का शुभारंभ हुआ। इसके बाद अतिथियों की पगड़ीपोशी एवं माला पहनाकर स्वागत किया गया। नवनियुक्त पदाधिकारियों को भी सम्मानित किया गया।


शिक्षा को बनाया समाज की तरक्की का आधार : फिरोज अहमद
राष्ट्रीय अध्यक्ष फिरोज अहमद अंसारी ने कहा कि समाज को मजबूत बनाने के लिए सबसे पहले शिक्षा और संगठन को प्राथमिकता देनी होगी। आपसी मतभेदों को दूर कर एकजुटता के साथ समाज की समस्याओं को उठाने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि देश के अलग-अलग राज्यों में रहने वाले मोमिन समाज के लोगों को मजबूत संगठनात्मक व्यवस्था से जोड़ना जरूरी है, ताकि उनके अधिकारों से जुड़े मुद्दों को प्रभावी तरीके से राष्ट्रीय स्तर पर उठाया जा सके। उन्होंने बच्चों और युवाओं को उच्च शिक्षा के साथ प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया। उनका कहना था कि शिक्षा के माध्यम से ही युवा अपने लिए बेहतर अवसर तैयार कर सकते हैं और समाज को आगे ले जा सकते हैं।

उर्दू शिक्षकों की बहाली का मुद्दा प्रमुख : आबिद अली
प्रदेश अध्यक्ष आबिद अली अंसारी ने कहा कि झारखंड में मोमिन समाज से जुड़े शिक्षा, रोजगार, सामाजिक और आर्थिक विषयों को लेकर संगठन प्रदेश स्तर पर आवाज उठाएगा। सम्मेलन में उर्दू शिक्षा को मजबूत करने और रिक्त पदों पर उर्दू शिक्षकों की बहाली की मांग प्रमुखता से उठाई गई। उन्होंने अल्पसंख्यक आयोग, मदरसा शिक्षा बोर्ड और उर्दू अकादमी के गठन की आवश्यकता भी बताई। आबिद अली अंसारी ने कहा कि सम्मेलन में पारित 11 सूत्री प्रस्ताव को प्रदेश कमेटी के माध्यम से सरकार और संबंधित विभागों के समक्ष रखा जाएगा।
इन मुद्दों को 11 सूत्री प्रस्ताव में किया शामिल
सम्मेलन में पारित प्रस्ताव में अल्पसंख्यक शैक्षणिक संस्थानों के स्वतंत्र प्रबंधन, शिक्षा और स्वास्थ्य सुविधाओं में सुधार, रोजगार एवं आर्थिक विकास, आरक्षण में उचित प्रतिनिधित्व तथा बुनकरों के कल्याण से जुड़े मुद्दे शामिल किए गए। इसके साथ ही वक्फ संपत्तियों की सुरक्षा, युवाओं के लिए कौशल विकास और रोजगार के अवसर बढ़ाने की मांग रखी गई। प्रस्ताव में एसआईआर के दौरान पात्र मतदाताओं के नाम सुरक्षित रखने तथा मॉब लिंचिंग के खिलाफ प्रभावी कानून बनाने की मांग भी शामिल रही। संगठन ने इन मुद्दों को समाज के व्यापक हित से जोड़ते हुए सरकार तक पहुंचाने की बात कही।

पंचायत स्तर तक मजबूत होगा संगठन
प्रदेश महासचिव सगीर अंसारी ने संगठन को प्रखंड और पंचायत स्तर तक विस्तार देने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि समाज को एकजुट कर उसकी समस्याओं और अधिकारों की आवाज को मजबूती देना संगठन का प्रमुख उद्देश्य है। जिला अध्यक्ष हाजी सिकंदर अंसारी और कार्यकारी जिलाध्यक्ष मोहम्मद मुनव्वर अंसारी ने सम्मेलन में पहुंचे राष्ट्रीय और प्रदेश पदाधिकारियों का आभार जताया। उन्होंने कहा कि लोहरदगा में संगठन को जिला मुख्यालय से लेकर प्रखंड, पंचायत और गांव स्तर तक मजबूत किया जाएगा।
बड़ी संख्या में पदाधिकारी व कार्यकर्ता हुए शामिल
सम्मेलन की अध्यक्षता कार्यकारी जिलाध्यक्ष मोहम्मद मुनव्वर अंसारी ने की, जबकि संचालन नजमुद्दीन अंसारी ने किया। मौके पर राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शहादत हुसैन, राष्ट्रीय महासचिव सगीर अंसारी, प्रदेश सचिव इम्तियाज अंसारी, मुजम्मिल अंसारी, आशिक अंसारी, सनाउल्लाह अंसारी, कुद्दूस अंसारी, हाजी सुल्तान अंसारी, हाजी शमसुद्दीन अंसारी, जिला संरक्षक अब्दुस सकूर अंसारी, नगर अध्यक्ष सिराज अंसारी समेत जिला व प्रदेश के पदाधिकारी तथा बड़ी संख्या में कार्यकर्ता मौजूद रहे।






