हजारीबाग: बुधवार की देर रात जिले के बड़कागांव थाना क्षेत्र स्थित 13 माइल ट्रांसपोर्टिंग रोड के समीप पुलिस और धनबाद के कुख्यात गैंगस्टर प्रिंस खान गैंग के हथियारबंद गुर्गों के बीच मुठभेड़ हो गई। दोनों ओर से हुई कई राउंड फायरिंग के दौरान पुलिस की जवाबी कार्रवाई में गैंग का एक अपराधी गोली लगने से गंभीर रूप से घायल हो गया, जबकि उसके अन्य साथी घने अंधेरे और जंगल का फायदा उठाकर भागने में सफल रहे। घायल अपराधी को पुलिस ने तुरंत अपनी अभिरक्षा में लेते हुए नजदीकी अस्पताल में भर्ती कराया है, जहां उसका इलाज जारी है।

गुप्त सूचना पर पुलिस ने की कर्रवाई:
जानकारी के अनुसार, हजारीबाग पुलिस के अधिकारियों को गुप्त सूचना प्राप्त हुई थी कि प्रिंस खान गैंग से जुड़े कुछ शातिर अपराधी 13 माइल ट्रांसपोर्टिंग रोड के आसपास जमा होकर किसी बड़ी आपराधिक वारदात या रंगदारी वसूलने की साजिश रच रहे हैं। सूचना की गंभीरता को देखते हुए पूरे जिले के संवेदनशील इलाकों, कोल ट्रांसपोर्टिंग रूटों और मुख्य चौक-चौराहों पर नाकेबंदी कर विशेष चेकिंग अभियान शुरू कराया।

जंगल में आमने-सामने की फायरिंग:
बड़कागांव थाना प्रभारी दीपक कुमार सिंह के नेतृत्व में पुलिस की एक विशेष टीम ने चिन्हित जंगल क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन शुरू किया। पुलिस टीम जैसे ही 13 माइल के पास पहुंची, पहले से घात लगाकर बैठे अपराधियों से उनका सामना हो गया। पुलिस को देखते ही अपराधियों ने अचानक गोलियाँ चलानी शुरू कर दीं। थाना प्रभारी और उनकी टीम ने खुद का बचाव करते हुए सटीक जवाबी फायरिंग की। मुठभेड़ के दौरान एक गोली अपराधी के पैर।में लगी और वह वहीं गिर पड़ा, जबकि उसके 2-3 साथी गोलियां चलाते हुए जंगल के रास्ते फरार हो गए।
NTPC में हाईवा पर फायरिंग से जुड़ा है मामला:
पुलिस सूत्रों का कहना है कि यह गैंग पिछले कुछ समय से बड़कागांव और आसपास के कोयला खनन क्षेत्रों में अपना खौफ कायम करने की कोशिश कर रहा था। कुछ दिनों पूर्व ही एनटीपीसी की कोयला ढुलाई में लगी एक हाईवा गाड़ी पर अंधाधुंध फायरिंग की गई थी, जिसकी जिम्मेदारी प्रिंस खान गैंग से जुड़े गुर्गों पर जताई जा रही थी। इस घटना के बाद से ही हजारीबाग पुलिस लगातार इस नेटवर्क के टेक्निकल और फिजिकल सर्विलांस पर काम कर रही थी। फरार अपराधियों के लिए कांबिंग ऑपरेशन जारी
घटना के तुरंत बाद पूरे इलाके को सील कर दिया गया है। बड़कागांव और आसपास के थानों की अतिरिक्त पुलिस बल को मौके पर बुलाया गया है। वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों की देखरेख में जंगलों में सघन तलाशी अभियान चलाया जा रहा है। संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है ताकि फरार अपराधियों को जल्द से जल्द दबोचा जा सके।


