रिंकू सिंह पर टूटा दुखों का पहाड़,कैंसर पीड़ित पिता का निधन,गैस सिलेंडर उठाने वाले कंधों ने सपनों को दिया आसमान

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February 27, 2026

रिंकू सिंह पर टूटा दुखों का पहाड़,कैंसर पीड़ित पिता का निधन,गैस सिलेंडर उठाने वाले कंधों ने सपनों को दिया आसमान

डेस्कः टी20 वर्ल्ड कप 2026 के बीच भारतीय क्रिकेट टीम के युवा और विस्फोटक बल्लेबाज रिंकू सिंह पर दुखों का पहाड़ टूट गया है। उनके पिता खानचंद सिंह का निधन हो गया है। उन्होंने ग्रेटर नोएडा के यथार्थ हॉस्पिटल में अंतिम सांस ली। खचंद्र सिंह लंबे समय से स्टेज-4 लिवर कैंसर से जूझ रहे थे और हाल ही में उनकी हालत काफी बिगड़ गई थी। रिंकू सिंह टी20 वर्ल्ड कप 2026 के बीच ही अपने पिता से मिलने आए थे और जिम्बाब्वे के खिलाफ खेले जाने वाले मुकाबले से पहले टीम के साथ जुड़ गए थे।

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रिंकू सिंह के पिता का हुआ निधन
रिंकू सिंह 23 फरवरी को टीम के साथ चेन्नई पहुंचे थे, जहां पहुंचने के बाद उन्हें अपने पिता के तबीयत बिगड़ने की खबर मिली थी। खबर मिलते ही रिंकू सिंह चेन्नई से अपने घर के लिए रवाना हो गए थे।उनके पिता को गंभीर हालत में ग्रेटर नोएडा के अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका।उनके पिता मैकेनिकल वेंटीलेटर पर थे और उन्हें निरंतर रीनल रिप्लेसमेंट थेरेपी दी जा रही थी।

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रिंकू सिंह ने पिता से मुलाकात करने के बाद वापस टीम से जुड़ने का फैसला लिया है, उनके इस फैसले की हर किसी ने तारीफ की थी।वह जिम्बाब्वे के खिलाफ हुए मुकाबले से एक दिन पहले टीम के साथ वापस जुड़ गए थे। हालांकि, वह मुकाबले के लिए प्लेइंग 11 में नहीं चुके थे और एक्स्ट्रा फील्डर के रूप में मैदान पर उतरे थे।हालांकि अब इस दुखद खबर के बाद रिंकू टूर्नामेंट को बीच में छोड़कर वापस अपने घर आ सकते हैं। वह टूर्नामेंट में आगे टीम इंडिया का हिस्सा बनेंगे इसको लेकर अभी कुछ कहा नहीं जा सकता है।
रिंकू सिंह के सपनों को दिए पंख
रिंकू सिंह के पिता खचंद्र सिंह गैस सिलेंडर डिलीवरी का काम करते थे। वह उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में एक गैस एजेंसी में काम करते थे, जहां वह घर-घर जाकर लोगों को कुकिंग गैस सिलेंडर पहुंचाते थे। उन्होंने परिवार की आर्थिक तंगी के बावजूद अपने बेटे रिंकू के क्रिकेटर बनने के सपने को पूरा करने में सहयोग किया। रिंकू सिंह की सफलता के बाद भी उनके पिता ने यह काम नहीं छोड़ा।

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