रांची : गुरूवार को रांची में सरहूल जुलूस के दौरान केंद्रीय सरना समिति ने आपत्तिजनक झांकी निकाली। इस मामले में जिला प्रशासन की ओर से कोतवाली थाने में आचार संहिता उल्लंघन का मामला दर्ज किया गया है। दंडाधिकारी विनय कुमार के बयान पर कोतवाली थाना में केंद्रीय सरना समिति के अध्यक्ष सहित 26 लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कराई गई है।
इसमें कहा गया है कि केंद्रीय सरना समिति की ओर से झांकी निकाली गई थी, उसमें हेमंत सोरेन को जेल में दिखाया गया है, साथ ही स्लोगन में लिखा गया था कि जेल का ताला टूटेगा, हेमंत सोरेन छूटेगा। झांकी में दिखाया गया है कि झारखंड की विकास के लड़ाई में हेमंत सोरेन का ईडी द्वारा शोषण किया जा रहा है। प्राथमिकी में लिखा है कि फूलचंद तिर्की के नेतृत्व में निकाली गई झांकी में राजनीतिक मंशा से धार्मिक अवसर का उपयोग किया गया है। धार्मिक झांकी में राजनीति की बातों को लिखना आचार संहिता उल्लंघन का मामला है।

झांकी में कैंप जेल के बाहर दो पुतले खड़े किए गये हैं. इन पुतलों के हाथों में CBI और ED की तख्ती है ।एक तख्ती पर लिखा गया है कि “भगवान बिरसा मुंडा को उलगुलान में अंग्रेजों के द्वारा शोषण…वर्तमान में…झारखंड के विकास की लड़ाई में हेमंत सोरेन को ईडी के द्वारा शोषण किया जा रहा है”. यह भी लिखा गया है कि जेल का ताला टूटेगा, हेमंत सोरेन छूटेगा ।इस झांकी को केंद्रीय सरना समिति ने तैयार किया है ।इसके जरिए यह बताने की कोशिश की जा रही है कि पूर्व सीएम को साजिश के तहत जेल में डाला गया है।



