डेस्कः बिहार के बगहा में खूंखार बाघ का दहशत है। शुक्रवार को बगहा अनुमंडल में बाघ के हमले से एक महिला की मौत होने की खबर आई है। यह घटना नौरंगिया थाना क्षेत्र के वार्ड संख्या 13 की है. मृतका की पहचान रामायण चौधरी सहनी की 45 वर्षीय पत्नी उमरावती देवी के रूप में हुई है।

धान खेत में निराई के दौरान हमला: यह घटना उस समय हुई जब वह यूपी-बिहार सीमा से सटे मदनपुर वन क्षेत्र के दुर्गम क्षेत्र मिश्रौलिया रेता स्थित अपने धान के खेत में निराई कर रही थीं।जानकारी के अनुसार, पास के गन्ने के खेत से अचानक निकले बाघ ने महिला पर हमला कर दिया और घसीटते हुए गन्ने के खेत में ले गया।
जब तक लोग पहुंचे मौत हो चुकी थी: आसपास के खेतों में काम कर रहे मजदूरों ने घटना देखकर शोर मचाया और ग्रामीणों के साथ मौके की ओर दौड़े। लोगों की आवाज सुनकर बाघ महिला को छोड़कर भाग गया। हालांकि, तब तक महिला की मौत हो चुकी थी। शरीर पर गहरे जख्म मिले। महिला की मौत के बाद लोगों ने इसकी सूचना वन विभाग को दी।
वन विभाग की टीम पहुंची: घटना की सूचना मिलते ही वाल्मीकि टाइगर रिजर्व के वन प्रमंडल दो अंतर्गत मदनपुर वन क्षेत्राधिकारी नसीम अंसारी के नेतृत्व में वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और स्थिति का जायजा लिया। नौरंगिया थाना पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई में जुट गई।
24 घंटे में दूसरी घटना: बीते 24 घंटे में बाघ ने दूसरी बार हमला किया है। गुरुवार को बिसहा गांव के रहने वाले 65 वर्षीय बुजुर्ग अकलु यादव पर बाघ ने हमला कर दिया था। हालांकि लोगों ने शोर मचाया तो बाघ बुजुर्ग को छोड़कर जंगल में भाग गया था। जानकारी के अनुसार बुजुर्ग बकड़ी चरा रहे थे. इसी दौरान हमला किया।
एक बाघ की हो चुकी है मौत: इधर, बुजुर्ग पर हमले के बाद ही एक बाघ की मौत की खबर आयी। वीटीआर वन क्षेत्र के कक्ष संख्या 36 में बाघ का शव गुरुवार को मिला था। इसकी पुष्टि वन विभाग के रेंजर सत्यम कुमार ने की थी। उन्होंने बताया कि बाघ के शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा जाएगा।
टाइगर रिजर्व में आता है इलाका: दरअसल, यह इलाका वाल्मीकि टाइगर रिजर्व से सटा होने के कारण वन्यजीवों की आवाजाही वाला क्षेत्र माना जाता है। इस घटना के बाद आसपास के गांवों में दहशत का माहौल है।वन विभाग ने लोगों से सतर्क रहने और जंगल से सटे खेतों में समूह बनाकर काम करने की अपील की है।







